वाराणसी
दर्शन के नाम पर ठगी करने वाले 11 फर्जी पुजारी-पंडे गिरफ्तार, कई वाहन सीज
वाराणसी के काशी विश्वनाथ मंदिर परिसर में फर्जी पुजारी और पंडों के खिलाफ पुलिस ने गुरुवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए 11 ठगों को गिरफ्तार किया। ये लोग मंदिर के गेट-4 के पास दर्शन पूजन के नाम पर श्रद्धालुओं से अवैध वसूली कर रहे थे। चौक थाना प्रभारी विमल मिश्रा के नेतृत्व में पुलिस टीम ने जैसे ही मंदिर परिसर में दबिश दी, कई फर्जी पंडे मौके से भागने लगे, लेकिन पुलिस ने उन्हें दौड़ाकर पकड़ लिया।
पुलिस द्वारा की गई पूछताछ में इनमें से कोई भी व्यक्ति मंदिर प्रबंधन द्वारा अधिकृत नहीं पाया गया। न ही इनके पास कोई वैध आइडी कार्ड या पहचान पत्र था। सभी को चौक थाने लाया गया, जहां इनके खिलाफ विधिक कार्रवाई की जा रही है।
इन फर्जी पुजारियों का मुख्य धंधा मंदिर में प्रसाद, लॉकर और विशेष दर्शन का झांसा देकर श्रद्धालुओं को ठगना था। पकड़े गए व्यक्तियों में कुछ फूल-माला विक्रेता, टीका लगाने वाले और कुछ मंदिर से जुड़े कथित दलाल शामिल हैं। पुलिस के अनुसार, ये लोग वाराणसी के अलावा आस-पास के इलाकों से आये हुए हैं।
इस कार्रवाई के दौरान नो व्हीकल जोन में अवैध रूप से खड़े 14 ऑटो और ई-रिक्शा को भी सीज कर दिया गया। एसीपी दशाश्वमेध अतुल अंजान त्रिपाठी ने बताया कि ऐसे अवैध और फर्जी गतिविधियों पर सख्त निगरानी जारी रहेगी और भविष्य में भी ऐसे अभियानों को अंजाम दिया जाएगा।
इससे पहले भी मंगलवार को पुलिस ने इसी तरह के एक अभियान में 21 लोगों को गिरफ्तार किया था, जिससे यह स्पष्ट होता है कि मंदिर के बाहर ठगी और अव्यवस्था की समस्या लगातार बनी हुई है।
