बलिया
सरयू का कहर: घरों के करीब पहुंची नदी, आशियाने उजाड़ने को मजबूर ग्रामीण
महाराजपुर नाहर छपरा में चार दिनों में पांच बीघा जमीन नदी में समाई, मकानों से महज 5 से 10 फीट दूर कटान
बांसडीह (बलिया)। बांसडीह तहसील क्षेत्र के महाराजपुर नाहर छपरा गांव में सरयू नदी का कटान भयावह रूप ले चुका है। खेतों को निगलने के बाद नदी अब आबादी के बेहद करीब पहुंच गई है। हालात ऐसे हैं कि नदी और मकानों के बीच महज पांच से दस फीट की दूरी बची है। इससे ग्रामीणों में दहशत का माहौल है।
नदी के बढ़ते कटान से अपने आशियाने उजड़ते देख ग्रामीण अब खुद ही मकानों को तोड़ने के लिए मजबूर हैं। रामेश्वर यादव, त्रिभुवन यादव, राम पलट यादव और विनोद यादव समेत कई ग्रामीण वर्षों की मेहनत से बनाए घरों को बचाने की उम्मीद छोड़कर उन्हें हटाने में जुटे हैं। ग्रामीणों के अनुसार, पिछले चार दिनों में करीब पांच बीघा उपजाऊ कृषि भूमि सरयू नदी में समा चुकी है।
मौके पर पहुंचे अधिकारी, बचाव कार्य जारी
कटान की सूचना मिलने पर एसडीएम डॉ. पुष्कर मिश्रा और तहसीलदार नितिन कुमार सिंह मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। प्रशासन की ओर से कटान रोकने के लिए नदी के पश्चिमी हिस्से में मिट्टी से भरी बोरियां डलवाई जा रही हैं। इस कार्य में मजदूर जुटे हुए हैं।
हालांकि, नदी के तेज बहाव और लगातार हो रहे कटान को देखते हुए ग्रामीणों की चिंता बढ़ती जा रही है। लोगों ने प्रशासन से युद्धस्तर पर प्रभावी बचाव कार्य कराने की मांग की है, ताकि घरों और ग्रामीणों की संपत्ति को बचाया जा सके।
