वाराणसी
शादी का झांसा देकर युवती से दुष्कर्म, तीन बार गर्भपात का आरोप
वाराणसी। जिले कैंट रेलवे स्टेशन पर पिछले चार दिनों से शरण लिए हुए मुंबई के पालघर की एक युवती की दास्तां ने मानवता और रिश्तों के विश्वास पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। युवती का आरोप है कि वाराणसी के चोलापुर थाना क्षेत्र के भुसौला गांव निवासी कमलेश पटेल ने शादी का झांसा देकर न केवल दो साल तक उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए, बल्कि इस दौरान तीन बार उसका गर्भपात (अबॉर्शन) भी करवाया। अब आरोपी युवक और उसके परिजनों ने युवती को स्वीकार करने से मना कर दिया है, जिसके चलते वह दर-दर भटकने को मजबूर है।
फेसबुक से शुरू हुई थी प्रेम कहानी
पीड़िता के अनुसार, उसकी और कमलेश पटेल की मुलाकात फेसबुक के माध्यम से हुई थी। धीरे-धीरे दोस्ती प्यार में बदली और कमलेश ने शादी का वादा कर उसे अपने साथ रहने के लिए राजी कर लिया। युवती अपने परिवार को छोड़कर मुंबई में ही कमलेश के साथ पिछले दो वर्षों से पति-पत्नी की तरह रह रही थी। इस अवधि में तीन बार गर्भवती होने पर आरोपी ने दबाव बनाकर उसका गर्भपात करा दिया। कुछ समय पहले कमलेश उसे बिना बताए वाराणसी आ गया और अपना मोबाइल फोन बंद कर लिया।
गांव पहुंची तो मिली धमकी और प्रताड़ना
धोखे का अहसास होने पर युवती मुंबई से वाराणसी के भुसौला गांव पहुंची। शुरुआती मुलाकात में सामाजिक दबाव के चलते कमलेश ने उसे अपनाने का आश्वासन दिया, जिसे सुनकर युवती वापस मुंबई लौट गई। हालांकि, दोबारा संपर्क टूटने पर वह चार दिन पहले फिर वाराणसी पहुंची। इस बार कमलेश के परिजनों ने उसे डराया-धमकाया और एक कमरे में बंद कर प्रताड़ित किया। परिजनों का दावा है कि कमलेश घर पर नहीं है और दोबारा आने पर अंजाम भुगतने की चेतावनी देते हुए उसे वहां से भगा दिया।
सोशल एक्टिविस्ट की पहल पर सक्रिय हुई पुलिस
कैंट स्टेशन पर बेसहारा पड़ी युवती ने जब ‘युवा फाउंडेशन’ की अध्यक्ष और सोशल एक्टिविस्ट सीमा चौधरी से संपर्क कर आत्महत्या की चेतावनी दी, तब यह मामला उजागर हुआ। सीमा चौधरी ने तत्काल मौके पर पहुंचकर पीड़िता की स्थिति जानी और उच्चाधिकारियों को ट्वीट के माध्यम से सूचित किया, जिसके बाद पुलिस महकमा हरकत में आया।
क्षेत्राधिकार के चलते मामला अटका
युवती ने चोलापुर थाने में आरोपी के खिलाफ तहरीर दी है, लेकिन पुलिस ने तकनीकी कारणों का हवाला देते हुए हाथ खड़े कर दिए हैं। चोलापुर पुलिस का कहना है कि चूंकि घटनाक्रम और शारीरिक शोषण का मुख्य स्थल मुंबई है, इसलिए एफआईआर वहीं दर्ज होनी चाहिए। फिलहाल, युवती को वापस मुंबई जाकर कानूनी कार्रवाई करने की सलाह दी गई है।
