वाराणसी
म्युनिसिपल बॉन्ड से नगर निगम को 50 करोड़ की धनराशि, विकास कार्यों को मिलेगा बल
वाराणसी। शहर के विकास कार्यों को गति देने के लिए म्युनिसिपल बॉन्ड के जरिए जुटाई गई धनराशि नगर निगम को प्राप्त हुई है। सेबी द्वारा छह कंपनियों के माध्यम से 50 करोड़ रुपये का फंड उपलब्ध कराया गया है, जिसका उपयोग नगर निगम दो प्रमुख परियोजनाओं के लिए कर रहा है। इस राशि पर सेबी के नियमानुसार 8.01 प्रतिशत ब्याज निर्धारित किया गया है, जिसे निगम आठ वर्षों में चुकाने का वचन दे चुका है।
विशेषज्ञों के अनुसार पुराने बॉन्ड की देनदारी चुकाने के बाद ही नई धनराशि प्राप्त हो सकेगी। इसी को ध्यान में रखते हुए नगर निगम ने कार्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने पर जोर दिया है, ताकि भविष्य में 50 करोड़ रुपये का भुगतान कर अतिरिक्त 100 करोड़ रुपये तक की राशि जुटाई जा सके।
बताया गया कि सिगरा स्टेडियम और लहुराबीर क्षेत्र में व्यावसायिक कॉम्प्लेक्स के निर्माण के उद्देश्य से यह म्युनिसिपल बॉन्ड जारी किया गया है। इन परियोजनाओं के पूरा होने से न केवल स्थानीय नागरिकों को सुविधाएं मिलेंगी, बल्कि शहर आने वाले पर्यटकों के लिए भी व्यवस्था बेहतर होगी। बॉन्ड निवेश की एक निश्चित अवधि होती है, जो सामान्यतः 5, 8, 10 या 15 वर्ष तक हो सकती है और इस अवधि के दौरान निवेशकों को ब्याज भी मिलता है।
सामान्यतः आम जनता सरकारी बॉन्ड में निवेश को सुरक्षित मानती है, लेकिन इस मामले में सेबी ने सीधे जनता के बजाय छह बड़ी कंपनियों के माध्यम से धनराशि जुटाई है। दरअसल, म्युनिसिपल बॉन्ड एक प्रकार का साख पत्र होता है, जिसके जरिए संस्थाओं या आम निवेशकों से पूंजी एकत्र की जाती है। पहले इस तरह की व्यवस्था निजी कंपनियों तक सीमित थी, लेकिन अब शहरी स्थानीय निकाय भी इस माध्यम से वित्त जुटा रहे हैं।
