गोरखपुर
सरकारी धन के दुरुपयोग के आरोप, बंद पड़े आरओ प्लांट बने शोपीस
गोरखपुर। बुदहट क्षेत्र में सरकारी योजनाओं के तहत लगाए गए आरओ प्लांट अब उपेक्षा का शिकार होते नजर आ रहे हैं। बामेश्वरनाथ मंदिर परिसर में स्थापित आरओ प्लांट इसकी स्थिति का स्पष्ट उदाहरण प्रस्तुत करता है। यहां प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। दूर से आरओ प्लांट को देखकर उन्हें सुविधा की उम्मीद होती है, लेकिन पास जाकर स्थिति देखने पर निराशा हाथ लगती है।
इसी प्रकार ग्राम पंचायत बुदहट टोला सरैया और बुदहट टोला घोठवा में भी आरओ प्लांट लगाए गए हैं। घोठवा में एक प्लांट ग्राम प्रधान संजय शुक्ला के आवास के बाहर स्थापित है। तीनों स्थानों पर आरओ प्लांट लगाए जाने के बाद से ही निष्क्रिय पड़े हैं और महज शोपीस बनकर रह गए हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि स्थापना के बाद से ही इन प्लांटों का संचालन नहीं हुआ और ये कभी उपयोग में नहीं आए। इस स्थिति से सरकार के स्वच्छ जल उपलब्ध कराने के दावे सवालों के घेरे में आ गए हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि जिम्मेदार अधिकारियों द्वारा इन प्लांटों की सुधि नहीं ली जा रही है।
मुख्यमंत्री के गृह जनपद में ही योजनाओं की यह स्थिति चिंताजनक मानी जा रही है। ऐसे में स्वच्छ जल मिशन की सफलता पर भी प्रश्नचिह्न खड़ा हो रहा है।
इस संबंध में ग्राम प्रधान संजय शुक्ला ने बताया कि जल निगम के तहत करीब दो वर्ष पूर्व इन आरओ प्लांटों का निर्माण कराया गया था। शुरुआती समय में ये संचालित भी हुए, लेकिन बाद में खराब होने के कारण बंद पड़े हैं और तब से इनकी मरम्मत नहीं कराई गई है।
