गोरखपुर
संगठित अपराध पर पुलिस का प्रहार, चार आरोपियों के खिलाफ गैंगस्टर की कार्रवाई
गोरखपुर। जनपद में संगठित अपराधों पर नियंत्रण के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस ने मारपीट, जान से मारने की धमकी देने और धोखाधड़ी कर धन हड़पने जैसे गंभीर मामलों में संलिप्त चार आरोपियों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के अंतर्गत कार्रवाई की है।
यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में, पुलिस अधीक्षक नगर के मार्गदर्शन तथा क्षेत्राधिकारी कैंट के पर्यवेक्षण में प्रभारी निरीक्षक एम्स द्वारा की गई। पुलिस के अनुसार नन्दानगर दरगहिया थाना एम्स क्षेत्र निवासी श्याम यादव को गिरोह का सरगना बताते हुए उसके साथ मनोज यादव, राहुल यादव उर्फ पन्नेलाल यादव तथा दरगहिया पासी टोला निवासी रमन पासवान को गिरोह का सक्रिय सदस्य माना गया है।
आरोप है कि यह गिरोह आम लोगों के साथ मारपीट कर उन्हें गंभीर रूप से घायल करता है, जान से मारने की धमकी देता है और धोखाधड़ी के जरिए पैसे हड़प लेता है। इन गतिविधियों के कारण क्षेत्र में भय और आतंक का माहौल बना हुआ था। पुलिस ने बताया कि गिरोह की आपराधिक गतिविधियों को देखते हुए जिला मजिस्ट्रेट गोरखपुर की स्वीकृति से गैंग चार्ट तैयार किया गया।
इसके आधार पर थाना एम्स में मु0अ0सं0 110/2026 के तहत धारा 2ख(i), (iv), (xi)/3(1) उत्तर प्रदेश गिरोहबंद समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम 1986 के अंतर्गत मुकदमा दर्ज किया गया है। गैंग लीडर श्याम यादव पर विभिन्न थानों में हत्या के प्रयास, लूट, रंगदारी, मारपीट, धोखाधड़ी, महामारी अधिनियम और आपदा प्रबंधन अधिनियम से संबंधित अनेक गंभीर मुकदमे पूर्व से दर्ज हैं।
इसी प्रकार मनोज यादव के खिलाफ भी कई आपराधिक मामले पंजीकृत हैं, जिनमें मारपीट, धमकी और अन्य धाराएं शामिल हैं। राहुल यादव उर्फ पन्नेलाल यादव के विरुद्ध भी मारपीट और उपद्रव से जुड़े मुकदमे दर्ज हैं, जबकि रमन पासवान पर सड़क दुर्घटना सहित अन्य मामलों में कार्रवाई हो चुकी है।
पुलिस का कहना है कि गैंग के विरुद्ध की गई इस कार्रवाई का उद्देश्य इनके स्वतंत्र आवागमन पर रोक लगाना और क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को मजबूत करना है। आगे भी इस प्रकार के अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
