पूर्वांचल
समेकित बाल संरक्षण योजना में 195 आवेदन स्वीकृत
मऊ के मुख्य विकास अधिकारी ने की महिला कल्याण से संबंधित योजनाओं की समीक्षा
मऊ में महिला कल्याण विभाग की मासिक समीक्षा बैठक मुख्य विकास अधिकारी प्रशांत नागर की अध्यक्षता में विकास भवन सभागार में आयोजित की गई। बैठक में जिला प्रोवेशन अधिकारी डॉक्टर श्वेता त्रिपाठी ने महिला कल्याण विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी।

उन्होंने बताया कि समेकित बाल संरक्षण योजना के तहत 195 आवेदन स्वीकृत हुए हैं जबकि 342 आवेदन सत्यापन के लिए लंबित हैं। उत्तर प्रदेश मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना में 31 आवेदनों को स्वीकृति मिली है और 75 आवेदन उप जिलाधिकारी और खंड विकास अधिकारियों के पास लंबित हैं।
मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के अंतर्गत अब तक 51434 आवेदनों में से 27412 आवेदनों को लखनऊ भेजा गया है और 23184 आवेदनों को अपात्र कर दिया गया। 209 आवेदन अभी भी सत्यापन के लिए लंबित हैं।
मुख्य विकास अधिकारी ने जिला प्रोवेशन अधिकारी को निर्देश दिए कि लंबित आवेदनों का सत्यापन उप जिलाधिकारियों और खंड विकास अधिकारियों से समन्वय स्थापित कर जल्द से जल्द किया जाए।
इसके अतिरिक्त निराश्रित पेंशन योजना के तहत जनपद में 26589 महिलाओं को पेंशन दी जा रही है। वन स्टॉप सेंटर में अप्रैल 2024 से नवंबर 2024 तक 314 प्रकरण प्राप्त हुए, जिनका निस्तारण किया गया।
बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष रुद्र प्रताप ने बताया कि समिति ने जनवरी से अक्टूबर 2024 तक 233 बच्चों को समायोजित किया जिनमें 28 बालक और 205 बालिका थीं।
जिला प्रोवेशन अधिकारी ने बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना के तहत बाल लैंगिक अनुपात बढ़ाने और बालिकाओं को शिक्षा से जोड़ने के प्रयासों की जानकारी दी।
उत्तर प्रदेश रानी लक्ष्मीबाई महिला एवं बाल सम्मान कोष के तहत पुलिस और मेडिकल स्तर पर कुछ प्रकरण लंबित हैं, जिन्हें शीघ्र निपटाने का निर्देश दिया गया।
बैठक में अपर पुलिस अधीक्षक महेश सिंह अत्री, लीड बैंक मैनेजर और जिला महिला चिकित्सा अधीक्षक सहित अन्य अधिकारी भी मौजूद थे।
