चन्दौली
नेहरू युवा केंद्र प्रतियोगिता: बालिकाओं ने कबड्डी, बालकों ने वॉलीबॉल में मारी बाजी
पीडीडीयू नगर (चंदौली)। नेहरू युवा केंद्र (खेल मंत्रालय, भारत सरकार) और स्पोर्ट्स एसोसिएशन ऑफ चंदौली के संयुक्त समन्वय से दो दिवसीय ब्लॉक स्तरीय खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन न्यू सेंट्रल कॉलोनी स्थित शास्त्री जन्मस्थली पार्क में संपन्न हुआ। इस प्रतियोगिता में कबड्डी, वॉलीबॉल, बैडमिंटन, स्लो साइकिल रेस और 400 मीटर दौड़ जैसे खेल शामिल थे।
स्पोर्ट्स एसोसिएशन ऑफ चंदौली के महासचिव और एनआईएस कोच कुमार नंदजी ने जानकारी दी कि स्लो साइकिल रेस (बालिका वर्ग) में श्रेया कुमारी ने प्रथम स्थान, कशिश यादव ने द्वितीय स्थान और ज्योति यादव ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। वहीं 500 मीटर दौड़ (बालक वर्ग) में अरुण यादव ने पहला स्थान, हिमांशु गुप्ता ने दूसरा और मनीष पाल ने तीसरा स्थान हासिल किया।
बैडमिंटन (बालिका वर्ग) में श्रेया कुमारी विजेता रहीं और तपस्या सिंह उपविजेता बनीं।
कबड्डी (बालिका वर्ग) में ज्योति कॉन्वेंट की टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए विजेता का खिताब अपने नाम किया। टीम में कायनात, खुशी, अंशु, रोली, अंजलि, मुस्कान, राशि, और तपस्या सिंह शामिल थीं। उपविजेता सेंट्रल पब्लिक स्कूल की टीम रही, जिसमें सिमरन, सोफिया, ज्योति, सानिया, मनीषा, कशिश, और इशिका ने हिस्सा लिया।
वॉलीबॉल (बालक वर्ग) में सेंट्रल पब्लिक स्कूल ने बाजी मारी। विजेता टीम में आकाश, विनीत, रोहन, शुभम, विशाल, शिवम, और पीयूष जैसे खिलाड़ी शामिल थे। उपविजेता का खिताब प्रयाग इंटरनेशनल स्कूल को मिला, जिसमें अरुण, ओम, व्यास, रेहान, आकाश, सुमित, लकी, सागर, गुलमे और आर्यन जैसे खिलाड़ियों ने योगदान दिया।
समारोह के मुख्य अतिथि भाजपा मंडल प्रभारी अश्वनी त्रिपाठी ने विजेता और उपविजेता टीमों को ट्रॉफी प्रदान की। इस अवसर पर सतीश जिंदल, डॉ. विनय कुमार वर्मा, राजकुमार जायसवाल, कृष्ण मोहन गुप्ता, प्रिंस जायसवाल, राकेश तिवारी, रामकृष्ण पांडे, डालिम भट्टाचार्य, सद्दाब अली, चिंता कुमारी, अजीत यादव, विशाल और शनि जैसी विशिष्ट हस्तियां मौजूद रहीं।
प्रतियोगिता को सफल बनाने में निर्णायकों की महत्वपूर्ण भूमिका रही, जिसमें हैप्पी सिंह, रोहित यादव, प्रताप चौबे, अमन चौहान और निखिल शामिल थे। कार्यक्रम के दौरान खिलाड़ियों और दर्शकों में विशेष उत्साह देखा गया। इस आयोजन ने युवा खिलाड़ियों को प्रोत्साहित किया और खेल भावना को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
