गाजीपुर
बिरसा मुंडा के संघर्षों को किया गया याद
बहरियाबाद (गाजीपुर)। पूर्ति संस्थान बहरियाबाद द्वारा यू.पी. यूथ परियोजना के अंतर्गत बिरसा मुंडा युवा मंडल के ग्राम सभा प्यारेपुर के मीरपुर में बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती गरिमा एवं उत्साहपूर्वक मनाई गई। इस कार्यक्रम में अभिभावकों, युवाओं एवं बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
इसकी अध्यक्षता बसंती देवी वनवासी ने की और संचालन हीरालाल (सहजकर्ता), पूर्ति संस्थान बहरियाबाद, गाज़ीपुर ने किया। कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों को बिरसा मुंडा के जीवन, संघर्ष, हक–अधिकार तथा भारतीय संविधान पर उनकी अप्रत्यक्ष भूमिका के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई।

धरती आबा कहलाने वाले बिरसा मुंडा ने अपने उलगुलान आंदोलन के माध्यम से जंगल, जमीन और जल पर जनजातीय समुदायों के अधिकारों की लड़ाई लड़ी। यही विचार आगे चलकर भारतीय संविधान के अनुच्छेद 244, पंचायती (अनुसूचित क्षेत्र) प्रावधान, पाँचवीं व छठी अनुसूचियों तथा जनजातीय समुदायों की सांस्कृतिक व भूमि सुरक्षा से संबंधित नीतियों में परिलक्षित होते हैं।
साथ ही, कार्यक्रम में उपस्थित लोगों को शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009, विशेषकर धारा 12(1)(C) के अंतर्गत निजी विद्यालयों में वंचित व कमजोर वर्ग के बच्चों के निःशुल्क प्रवेश अधिकार के बारे में भी जागरूक किया गया। कार्यक्रम को सफल बनाने में फैसिलिटेटर सरिता भारती एवं हीरालाल का विशेष योगदान रहा। समारोह के अंत में सभी प्रतिभागियों ने सामाजिक न्याय, समानता और शिक्षा के अधिकार को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।
बिरसा मुंडा कार्यक्रम का समापन पूर्ति संस्थान के प्रबंधक श्याम नारायण जी द्वारा उपस्थित लोगों को धन्यवाद देकर किया गया। इस अवसर पर क्षेत्र के तमाम बुद्धिजीवियों ने भाग लिया।
