राष्ट्रीय
भारत की मेजबानी से भावुक हुए ब्राजील के राष्ट्रपति लूला
भारत-ब्राजील व्यापार को 30 अरब डॉलर तक पहुंचाने का लक्ष्य, लूला ने जताई इच्छा
नई दिल्ली। ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज इनासियो लूला दा सिल्वा ने भारत यात्रा के दौरान मिले आत्मीय आतिथ्य और सांस्कृतिक सम्मान की सराहना करते हुए इसे दोनों देशों के मजबूत संबंधों का प्रतीक बताया। इंडिया-ब्राजील इकोनामिक फोरम में अपने संबोधन के दौरान उन्होंने कहा कि राजकीय भोज और दोपहर के भोजन के अवसर पर भारतीय संगीतकारों द्वारा ब्राजीलियाई गीतों की प्रस्तुति से वह बेहद प्रभावित और भावुक हो गए।

राष्ट्रपति लूला ने बताया कि पिछले वर्ष जब प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ब्राजील की यात्रा पर आए थे, तब साओ पाउलो से गायक बुलाकर उनके पसंदीदा गीत की प्रस्तुति पैलेसियो डा अल्वोराडा में कराई गई थी। उन्होंने कहा कि भारत द्वारा किया गया यह सांस्कृतिक प्रत्युत्तर दोनों देशों के बीच गहरी आत्मीयता और आपसी सम्मान को दर्शाता है। इस अवसर पर भारतीय कलाकारों द्वारा प्रसिद्ध ब्राजीलियाई लोकगीत ‘आसा ब्रांका’ की धुन प्रस्तुत की गई, जिसे उन्होंने सांस्कृतिक सेतु का प्रतीक बताया।

अपने संबोधन में राष्ट्रपति लूला ने दोनों देशों के बीच बढ़ते व्यापारिक संबंधों पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि भारत और ब्राजील के बीच व्यापार 2.4 अरब डॉलर से बढ़कर 10.5 अरब डॉलर तक पहुंच चुका है। वर्ष 2030 तक 20 अरब डॉलर व्यापार का लक्ष्य निर्धारित किया गया था, जिसे अब बढ़ाकर 30 अरब डॉलर तक ले जाने की महत्वाकांक्षा व्यक्त की गई है।

भारत यात्रा के दौरान भारत के केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रण संगठन और ब्राजील की स्वास्थ्य नियामक एजेंसी एएनवीआइएसए के बीच औषधि एवं चिकित्सा उत्पादों के नियमन से संबंधित सहयोग के लिए समझौता ज्ञापन का आदान-प्रदान भी हुआ। इसका उद्देश्य दोनों देशों के नियामक मानकों में तालमेल बढ़ाकर दवाओं और चिकित्सा उपकरणों की गुणवत्ता सुनिश्चित करना है।

राष्ट्रपति लूला 18 फरवरी को भारत पहुंचे थे और 19 तथा 20 फरवरी को आयोजित इंडिया एआइ इंपैक्ट समिट में भी शामिल हुए। यह उनकी भारत की पांचवीं यात्रा है। इससे पहले जुलाई 2025 में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ब्रासीलिया की राजकीय यात्रा की थी, जिससे दोनों देशों के बीच रणनीतिक और आर्थिक सहयोग को नई गति मिली थी।
