गाजीपुर
गाजीपुर के युवक की सड़क हादसे में मौत
जमानियां (गाजीपुर) जयदेश। जिले की जमानियां तहसील अंतर्गत सुहवल थाना क्षेत्र के बेमुआं गांव निवासी 34 वर्षीय मैकेनिकल इंजीनियर रामकेशर सिंह कुश्वाहा की अंडमान-निकोबार द्वीप समूह में सड़क हादसे में मौत हो गई। इस दुखद घटना से क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई।
बीती शाम एम्बुलेंस से जब उनका पार्थिव शरीर गांव पहुंचा, तो परिजनों की चीख-पुकार से माहौल गमगीन हो उठा। पूरा गांव सन्नाटे में डूब गया और हर आंख नम दिखाई दी। पत्नी निक्की ने पति के पार्थिव शरीर पर सुहाग की सिंदूरदानी रखकर अंतिम विदाई दी, यह दृश्य देखकर वहां मौजूद लोग भावुक हो गए। देर रात ही मेदनीपुर श्मशान घाट पर उनका अंतिम संस्कार किया गया।
अंतिम संस्कार के दौरान छोटे भाई बब्बन सिंह कुश्वाहा ने मुखाग्नि दी। श्मशान घाट पर पसरा सन्नाटा रामकेशर की असमय मौत की गवाही दे रहा था। मृतक के पिता महेंद्र सिंह कुश्वाहा ने रोते हुए बताया कि उनके छह पुत्रों में रामकेशर तीसरे नंबर पर थे और वही पूरे परिवार के एकमात्र कमाऊ व होनहार बेटे थे, जबकि अन्य पुत्र गांव पर ही रहते हैं।

पत्नी निक्की ने पति के पार्थिव शरीर पर सुहाग की सिंदूरदानी रखकर अंतिम विदाई दी
महेंद्र सिंह ने कहा कि पढ़-लिखकर इंजीनियर बने बेटे से पूरे परिवार को उम्मीदें थीं, लेकिन उसकी मौत ने सारे अरमान तोड़ दिए। परिजनों के अनुसार, रामकेशर नोएडा की एक ऑटोमैटिक कार वॉशिंग मशीन कंपनी में मैकेनिकल इंजीनियर के पद पर कार्यरत थे। कंपनी के काम से वह दो दिन पहले अंडमान-निकोबार गए थे, जहां स्कूटी से जाते समय अज्ञात वाहन की टक्कर से उनकी मौत हो गई।
पिता ने बताया कि रामकेशर बीते दिसंबर 2023 में घर आए थे। उनकी शादी नौ साल पहले बगल के गांव बड़ौरा निवासी निक्की से हुई थी। उनका एकमात्र सात साल का बेटा अर्पित है, जो अब पिता की छांव से वंचित हो गया।
मृतक की मां गंगाजली देवी, पत्नी निक्की और अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पूरे गांव में शोक व्याप्त है। ग्रामीणों का कहना है कि इस हादसे ने गांव की एक होनहार उम्मीद छीन ली। घटना के बाद बेमुआं गांव में चूल्हे तक नहीं जले और हर घर में उदासी व खामोशी पसरी रही।
