वाराणसी
खराब कार्यप्रदर्शन पर 12 पुलिसकर्मी निलंबित, विभागीय जांच शुरू
वाराणसी। पुलिस आयुक्त कमिश्नरेट वाराणसी मोहित अग्रवाल ने गुरुवार को थाना कैण्ट, शिवपुर एवं लालपुर-पाण्डेयपुर में अर्दली रूम आयोजित कर उपनिरीक्षकों के कार्य-प्रदर्शन की विस्तृत समीक्षा की। इस दौरान लंबित विवेचनाओं, इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य संकलन, BW/NBW तामील, अभियुक्तों की गिरफ्तारी, बिना नंबर वाहनों की सीज कार्रवाई तथा विपरीत दिशा में चलने वाले वाहनों पर कार्रवाई की स्थिति का मूल्यांकन किया गया।
समीक्षा में कुल 12 निरीक्षक/उपनिरीक्षकों का प्रदर्शन अत्यंत खराब पाया गया, जिस पर पुलिस आयुक्त ने कड़ी कार्रवाई करते हुए सभी को निलंबित कर विभागीय जांच के आदेश दिए। इन कर्मियों के पास 60 दिनों से अधिक समय से लंबित विवेचनाएं पाई गईं, जबकि शिकायतों का निस्तारण भी संतोषजनक नहीं था। NBW मामलों में गिरफ्तारी नगण्य रही और यातायात नियमों के उल्लंघन पर भी कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई।

पुलिस आयुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिए कि कोई भी विवेचना 60 दिनों से अधिक लंबित न रहे और सभी मामलों का निष्पक्ष, गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। साथ ही BW/NBW वारंटों की त्वरित तामील एवं वांछित अभियुक्तों की शीघ्र गिरफ्तारी के निर्देश दिए गए।
यातायात व्यवस्था को लेकर भी सख्त रुख अपनाते हुए अवैध पार्किंग और अतिक्रमण के खिलाफ अभियान चलाने, क्रेन के माध्यम से वाहनों को हटाने तथा ट्रैफिक पुलिस के साथ समन्वय स्थापित कर जाम की समस्या समाप्त करने के निर्देश दिए गए।
इसके अतिरिक्त SID Creation की प्रगति की समीक्षा करते हुए सभी लंबित SID को शीघ्र पूर्ण कर सिस्टम में अपलोड करने पर जोर दिया गया, जिससे अपराध विश्लेषण और निगरानी को अधिक प्रभावी बनाया जा सके।
इस अवसर पर अपर पुलिस आयुक्त अपराध आलोक प्रियदर्शी, पुलिस उपायुक्त वरूणा जोन प्रमोद कुमार, अपर पुलिस उपायुक्त नीतू, सहायक पुलिस आयुक्त कैण्ट अपूर्व पाण्डेय सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
