शिक्षा
BHU : अंतरराष्ट्रीय शैवाल एवं सायनोबैक्टीरिया जीवविज्ञान सम्मेलन 19 फरवरी से
वाराणसी। काशी हिंदू विश्वविद्यालय (बीएचयू) के विज्ञान संस्थान अंतर्गत वनस्पति विज्ञान विभाग द्वारा 19 से 21 फरवरी 2026 तक अंतरराष्ट्रीय शैवाल एवं सायनोबैक्टीरिया जीवविज्ञान सम्मेलन (आईसीएसीबी-2026) का आयोजन संस्थान के महामना सभागार में किया जाएगा।
आईसीएसीबी-2026 विश्व के 350 से अधिक शैवाल वैज्ञानिकों तथा शोधकर्ताओं का एक महत्वपूर्ण वैश्विक सम्मेलन है। शैवाल एवं सायनोबैक्टीरिया जीवविज्ञान के क्षेत्र में हाल के वर्षों के प्रमुख वैज्ञानिक आयोजनों में इसकी गणना की जा रही है। तीन दिनों तक चलने वाले इस सम्मेलन में 16 मुख्य व्याख्यान, 25 आमंत्रित व्याख्यान, 40 मौखिक प्रस्तुतियां और लगभग 200 पोस्टर प्रस्तुतियां आयोजित होंगी। ये सभी प्रस्तुतियां 11 तकनीकी सत्रों और 6 समानांतर सत्रों के अंतर्गत संपन्न की जाएंगी।
सम्मेलन में अमेरिका, जर्मनी, फ्रांस, चेक गणराज्य, ग्रीस, मेक्सिको, चिली, रूस, ऑस्ट्रिया, ब्राजील, मोल्दोवा तथा नेपाल सहित अनेक देशों के प्रमुख अंतरराष्ट्रीय शैवाल वैज्ञानिक सहभागिता करेंगे। इसके अतिरिक्त भारत के 27 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों का प्रतिनिधित्व करने वाले प्रतिष्ठित वैज्ञानिक भी इसमें भाग लेंगे। आयोजन प्रो. ए.के. मिश्रा के संयोजन में तथा वनस्पति विज्ञान विभाग, बीएचयू के संकाय सदस्यों के सहयोग से संपन्न होगा।
बीएचयू का वनस्पति विज्ञान विभाग शैवाल विज्ञान के क्षेत्र में लगभग सौ वर्षों की गौरवशाली परंपरा वाला विश्वप्रसिद्ध उत्कृष्टता केंद्र है। यह विभाग शैवाल विज्ञान की चौथी और पांचवीं पीढ़ी का प्रतिनिधित्व करता है तथा राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उल्लेखनीय योगदान देता रहा है।
सम्मेलन का उद्देश्य जैव विविधता, वर्गिकी, जैव प्रौद्योगिकी, सतत विकास और पारिस्थितिक संतुलन जैसे विषयों पर वैज्ञानिक संवाद और सहयोग को बढ़ावा देना है। इस आयोजन को डीएसआईआर, बीएचयू-आईओई, डीबीटी, एएनआरएफ तथा सीएसआईआर सहित विभिन्न वित्तपोषण एजेंसियों का सहयोग प्राप्त है। यह सम्मेलन बीएचयू की वैज्ञानिक उत्कृष्टता और वैश्विक शैक्षणिक सहभागिता के प्रति प्रतिबद्धता को पुनः रेखांकित करता है।
