वाराणसी
बकाया न चुकाने वालों पर सख्ती, प्रीपेड मीटर लागू होते ही कई घरों की बिजली गुल
वाराणसी। बिजली विभाग ने प्रीपेड स्मार्ट मीटर प्रणाली लागू होने के बाद बकायेदार उपभोक्ताओं पर सख्ती तेज कर दी है। उत्तर प्रदेश पावर कार्पोरेशन लिमिटेड (यूपीपीसीएल) द्वारा 13 मार्च से सभी प्रीपेड स्मार्ट मीटरों को पूर्ण प्रीपेड मोड में सक्रिय कर दिया गया है, जिसके बाद बकाया न चुकाने वाले उपभोक्ताओं के कनेक्शन स्वतः कटने लगे हैं। जिले सहित प्रदेश में अब तक 40 हजार से अधिक प्रीपेड स्मार्ट मीटर स्वतः बंद हो चुके हैं।
दरअसल, स्मार्ट मीटर लगाए जाने के बाद अब बिजली व्यवस्था प्रीपेड मोबाइल की तर्ज पर संचालित की जा रही है। पहले उपभोक्ताओं को बिल मिलने के बाद अपनी सुविधा अनुसार भुगतान करने का अवसर मिलता था, लेकिन अब मीटर में मौजूद बैलेंस समाप्त होते ही बिजली आपूर्ति स्वतः बंद हो जाएगी। ऐसे में पड़ोस के घरों में बिजली रहने के बावजूद बैलेंस खत्म होने पर किसी उपभोक्ता के घर की बिजली गुल हो सकती है।
बिजली विभाग के मुख्य अभियंता राकेश पांडेय ने बताया कि पिछले दो महीनों से उपभोक्ताओं को कॉल और एसएमएस के माध्यम से बकाया भुगतान करने की जानकारी दी जा रही थी, लेकिन बड़ी संख्या में लोगों ने इसे गंभीरता से नहीं लिया। परिणामस्वरूप 13 मार्च से प्रीपेड मोड सक्रिय होने के बाद बड़ी संख्या में मीटर अपने आप बंद हो गए।
यूपीपीसीएल (UPPCL) ने स्पष्ट किया है कि ऐसे मीटरों को मैन्युअल रूप से चालू करने की कोई व्यवस्था नहीं है और न ही कोई अधिकारी इसे सीधे जोड़ सकता है। बिजली आपूर्ति दोबारा शुरू कराने के लिए उपभोक्ताओं को यूपीपीसीएल स्मार्ट एप के माध्यम से पूरा बकाया एक साथ जमा करना होगा और इसके साथ कम से कम एक हजार रुपये का अग्रिम रिचार्ज भी करना पड़ेगा। अन्य एप से भुगतान करने पर तत्काल सक्रियण में समस्या आने की संभावना जताई गई है।
इस स्थिति से प्रभावित उपभोक्ताओं में चिंता का माहौल है, क्योंकि कनेक्शन कटने के बाद उन्हें बिना बिजली के रहना पड़ रहा है। विभाग ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे समय पर बकाया का भुगतान करें, नियमित रूप से रिचार्ज बनाए रखें और स्मार्ट एप के माध्यम से बैलेंस की निगरानी करते रहें, ताकि बिजली आपूर्ति में किसी प्रकार की बाधा न आए।
