वाराणसी
CDO की अध्यक्षता में आयोजित किया गया प्रशिक्षण कार्यक्रम
वाराणसी : मुख्य विकास अधिकारी की अध्यक्षता में प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। उक्त प्रशिक्षण में जनपद के समस्त खण्ड विकास अधिकारी एवं उपजिलाधिकारी उपस्थित रहें। मुख्य विकास अधिकारी महोदय द्वारा शासन द्वारा संचालित ‘‘फैमिली आई0डी0-एक परिवार एक पहचान’’ योजना के सफल क्रियान्वयन हेतु सभी को निर्देशित किया गया। योजना के प्रतिदिन प्रगति पर उच्चाधिकारियों को समुचित पर्यवेक्षण रखने हेतु निर्देशित किया गया।
मुख्य विकास अधिकारी, वाराणसी द्वारा बताया गया कि फैमिली आईडी का उद्देश्य पात्र लाभार्थियों को शत-प्रतिशत आच्छादित करना, डुप्लीकेट या फर्जी लाभार्थियों को हटाना, छूटे हुए लाभार्थियों और जरूरतमंद परिवारों की प्राथमिकता के आधार पर पहचान, सरकार की सभी योजनाओं का संतृप्तीकरण एवं लाभों के लक्षित वितरण के लिए सभी विभागों का एकीकरण करना हैं। उन्होंने बताया कि फैमिली आईडी प्रत्येक परिवार के लिए 12 अंको की एक विशिष्ट पहचान संख्या है, जिसमें परिवार के सदस्यों का विवरण दिया होगा। फैमिली आईडी डेटाबेस योजनाओं में पात्रता निर्धारित करने तथा लाभ से वंचित पात्र लाभार्थियों को लाभ देने के लिए केन्द्रीय भण्डार के रूप में कार्य करेंगा। फैमिली आईडी एक स्वैच्छिक सेवा है, केवल वे परिवार जो उ0प्र0/केन्द्र सरकार द्वारा संचालित योजनाओ का लाभ प्राप्त कर रहें है या लाभ प्राप्त करना चाहते हैं, उन्हें पंजीकरण कराने की आवश्यकता हो सकतीं हैं। उन परिवारों का फैमिली आईडी कार्ड बनाया जाना है, जो राशन कार्ड धारक नहीं है। साथ ही यह भी बताया गया कि जिन परिवारों का राशनकार्ड पूर्व से बना हुआ है, उनका राशनकार्ड संख्या ही फैमिली आई0डी0 संख्या है।
उक्त प्रशिक्षण कार्यक्रम में अपर जिलाधिकारी(नगर), अपर जिलाधिकारी (ना0/आ0) व मुख्य राजस्व अधिकारी,वाराणसी तथा ई-डिस्ट्रिक्ट मैनेजर, वाराणसी भी उपस्थित रहें।
आवेदक द्वारा विभिन्न चरणों में स्वयं या सीएससी सेन्टर के माध्यम से इन प्रक्रियाओं के तहत बेवसाइट ंिउपसलपकण्नचण्हवअण्पद पर पंजीकरण किया जा सकता है तथा पंजीकरण के पश्चात लेखपालों एवं सचिव, ग्राम पंचायतों द्वारा सत्यापन किये जाने से सम्बन्धित सभी प्रक्रियाओं की विस्तार से जानकारी दी गई। उक्त योजना के दैनिक अखबारों में तथा रेडियों के माध्यम से आम जनमानस में व्यापक प्रचार प्रसार हेतु जिला सूचना अधिकारी को निद्रेशित किया गया।
