वाराणसी
नदेसर गोलीकांड के गैंगस्टर केस में पेश हुए धनंजय सिंह
विधायक अभय सिंह समेत अन्य पर जानलेवा हमले का आरोप, गैंगस्टर कोर्ट में दर्ज कराया बयान
वाराणसी। 22 साल पुराने नदेसर गोलीकांड के मामले में जौनपुर के पूर्व सांसद धनंजय सिंह ने विशेष न्यायाधीश (गैंगस्टर एक्ट) के समक्ष अपना बयान दर्ज कराया। धनंजय सिंह ने विधायक अभय सिंह समेत 4-5 लोगों पर जानलेवा हमला करने का आरोप लगाया है। सुनवाई के दौरान अभियोजन और बचाव पक्ष के वकीलों के बीच जिरह हुई।
धनंजय सिंह ने अपनी गवाही में बताया कि घटना 4 अक्टूबर 2002 की है। रारी जौनपुर से अपने साथियों के साथ सफारी गाड़ी से परिवार के सदस्य रामजी सिंह की पत्नी को कबीरनगर अस्पताल से देखकर वापस जौनपुर लौट रहे थे। तभी शाम छह बजे जैसे ही नदेसर स्थित टकसाल सिनेमाहाल के पास पहुंचे वहां टाटा सफारी और एक बोलेरो पहले से ख़डी थी।
जिनमें अभय सिंह राजेपुर महराजगंज फैजाबाद निवासी 4-5 साथियों के साथ इन गाड़ियों से स्वचालित असलहे रायफल बंदूक लिए उतरे, अभय सिंह ने ललकारते हुये कहा की यही धनंजय सिंह है मारो और हाथ में लिए पिस्टल से जान से मरने कि नियत से गोली चलाने लगे। गाड़ी सामने खड़ी कर दी तभी बोलेरो से एक आदमी उतरकर फायर करने लगा और बाजार में भगदड़ मच गई। सभी दुकानें बंद कर भागने लगे।
साथ में गार्ड ने आत्मरक्षार्थ गोली चलाई, उसके साथियों ने भी गोली चलाई जिसमें धनंजय सिंह घायल हो गए। उनके साथ जितेंद्र बहादुर सिंह, संतोष सिंह, गनर बासुदेव पाण्डेय, ड्राइवर दिनेश गुप्ता भी अभय सिंह एवं उसके साथियों द्वारा गोली चलाने से घायल हो गए। तब तक पुलिस की गाड़ी आ गई और सभी हमलावर मौके से भाग निकले।
धनंजय सिंह नें आगे बताया कि अभय सिंह से उनकी छात्र जीवन से रंजिश रही है और यह हमला उसी का परिणाम था।
इस केस में सभी गवाहों की गवाही हो चुकी है और अब आरोपी पक्ष की ओर से बयान दर्ज कराए जाने की बारी है। कोर्ट ने पूर्व में अभय सिंह की जिरह की अनुमति दी थी और अब अगली सुनवाई पर विपक्षीगण अपने बयान दर्ज कराएंगे।
गौरतलब है कि, भाजपा एमएलसी विनीत सिंह द्वारा दर्ज याचिका जिसमें उन्होंने अपने खिलाफ दर्ज मामले को अलग करने की मांग की थी उसे कोर्ट पहले ही खारिज कर चुका है।
