वाराणसी
धार्मिक उल्लास में डूबी काशी, संकट मोचन पहुंचे श्रद्धालु
वाराणसी। धार्मिक आस्था और उल्लास के बीच बुधवार की सुबह संकट मोचन मंदिर तक निकली हनुमान ध्वजा प्रभात फेरी में श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। सुबह छह बजे धर्म संघ में क्षेत्रपालेश्वर महादेव मंदिर में पूजा-अर्चना के साथ इस आयोजन की शुरुआत हुई। इसके बाद संकट मोचन जी की ज्योत जलाकर आरती की गई, जिसमें शहर के कई प्रमुख सामाजिक कार्यकर्ता और संस्थाओं के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
श्रद्धालुओं को हनुमान ध्वजा सौंपकर प्रभात फेरी की यात्रा रविंद्रपुरी, दुर्गाकुंड और त्रिदेव मंदिर से होती हुई संकट मोचन मंदिर पहुंची। इस दौरान एक गाड़ी पर सजे संकट मोचन जी के तैलचित्र और रजत मुकुट ने सबका ध्यान खींचा। यात्रा में जय श्रीराम और जय बजरंगी के जयघोष गूंजते रहे और भक्त भजन-कीर्तन करते हुए भावविभोर नजर आए। भजन गायक दिनेश मिश्रा और अमित शर्मा ने भक्तिरस में सबको डुबो दिया।
मार्ग में महिला संगठनों द्वारा पुष्पवर्षा और प्रभु की आरती से वातावरण और भी भक्ति भाव से भर गया। संकट मोचन मंदिर पहुंचकर श्रद्धालुओं ने ध्वजा अर्पित की और सामूहिक रूप से हनुमान चालीसा का पाठ किया। इस अवसर पर बैजनाथ भालोटिया ने अपने परिवार के साथ रजत मुकुट अर्पित किया, जिसे मंदिर के पुजारी ने प्रभु चरणों में समर्पित किया।
उन्होंने बताया कि रजत जयंती के अवसर पर उनकी यह मनोकामना थी, जो अब पूरी हुई।कार्यक्रम का समापन प्रसाद वितरण के साथ हुआ। आयोजन के तहत 25 मन बूंदी के लड्डुओं का निर्माण किया जा रहा है, जो 10 और 11 अप्रैल को संकट मोचन मंदिर में दर्शनार्थ रखे जाएंगे। आयोजन की सफलता में अनेक भक्तों का अहम योगदान रहा।
