वाराणसी
सिक्स लेन निर्माण में बाधा बन रहा रोहनिया थाने की चहारदीवारी होगी ध्वस्त

थानेदार का कमरा भी आएगा जद में
वाराणसी। मोहनसराय-लहरतारा सिक्स लेन सड़क निर्माण के लिए रोहनिया थाने के थानाध्यक्ष का कमरा, अन्य कमरे और चहारदीवारी गिराई जाएगी। इस निर्माण परियोजना की लागत करीब 400 करोड़ रुपये है जिसमें 13 किलोमीटर लंबा सिक्स लेन तैयार किया जा रहा है।
थाने के पास स्थित गांधी चबूतरा और भारत माता मंदिर, जिन्हें 1968 में स्थानीय निवासियों ने बनवाया था पहले ही तोड़े जा चुके हैं। इस मुद्दे पर समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने मोदी-योगी सरकार पर निशाना साधते हुए सोशल मीडिया पर तंज कसा।
प्रगति धीमी होने पर डीएम ने अधिकारियों की लगाई फटकारसिक्स लेन निर्माण की धीमी प्रगति को लेकर जिलाधिकारी एस. राजलिंगम और एमएलसी धर्मेंद्र राय ने रोहनिया का दौरा किया। डीएम ने निर्माण कार्यों में देरी और लापरवाही पर पीडब्ल्यूडी अधिकारियों को फटकार लगाई।अधिशासी अभियंता केके सिंह को निर्देश दिया गया कि तुरंत टीम लगाकर नाली निर्माण, विद्युत खंभों की शिफ्टिंग और पेड़ों की कटाई का काम शुरू करें।
लोक निर्माण विभाग को पुराने वाहनों को हटाने और वन विभाग के सहयोग से पेड़ों की कटाई कराने का भी आदेश दिया ग या।काशी का भव्य प्रवेशद्वार बनेगा आकर्षणमोहनसराय से वाराणसी में प्रवेश करने वाले यात्रियों को “भव्य काशी द्वार” का अनुभव होगा। 13 किलोमीटर लंबे मार्ग में 10 किलोमीटर सिक्स लेन और 3 किलोमीटर फोरलेन बनाया जा रहा है।
यह मार्ग दिल्ली, कोलकाता और प्रयागराज जैसे प्रमुख शहरों को जोड़ता है। रेलवे स्टेशन और एफसीआई गोदाम के कारण इस मार्ग पर भारी वाहनों का दबाव रहता है। बौलिया से कैंट रेलवे स्टेशन तक रेलवे की भूमि उपलब्ध होने पर 3 किलोमीटर फोरलेन मार्ग को सिक्स लेन में तब्दील किया जाएगा।
महत्वपूर्ण मार्ग से हर दिन गुजरते हैं 30,000 से अधिक वाहनपुलिस प्रशासन के अनुसार मोहनसराय मार्ग से प्रतिदिन 30,000 से अधिक वाहन वाराणसी में प्रवेश करते हैं। काशी विश्वनाथ कॉरिडोर और टाटा कैंसर अस्पताल के निर्माण के बाद इस मार्ग पर यातायात और बढ़ गया है।
महाकुंभ के दौरान भी लाखों श्रद्धालु इसी मार्ग से वाराणसी पहुंचेंगे। सिक्स लेन रोड के निर्माण से वाहन चालकों को जाम की समस्या से निजात मिलेगी और वाराणसी की यात्रा और भी सुगम हो जाएगी।