गोरखपुर
एसएसपी ने फरियादियों की सुनी समस्याएं, त्वरित निस्तारण के दिए निर्देश
गोरखपुर। शासन के निर्देशों के अनुपालन में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. कोस्तुभ ने सोमवार सुबह ठीक 10 बजे पुलिस कार्यालय पहुंचकर जनसुनवाई की और आए हुए फरियादियों की समस्याओं को गंभीरता से सुना। निर्धारित समय पर शुरू हुई जनसुनवाई में जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों से आए लोगों ने अपनी शिकायतें एसएसपी के समक्ष प्रस्तुत कीं।
एसएसपी ने एक-एक फरियादी की समस्या को ध्यानपूर्वक सुनते हुए संबंधित क्षेत्राधिकारी, थाना प्रभारी और शाखा प्रभारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि पीड़ित को न्याय दिलाना पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है और किसी भी प्रकार की लापरवाही या उदासीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
जनसुनवाई में जमीन विवाद, मारपीट, पारिवारिक विवाद, साइबर अपराध, महिला उत्पीड़न और लंबित विवेचनाओं से संबंधित प्रकरण प्रमुख रूप से सामने आए। एसएसपी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे शिकायतों की निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करें और निर्धारित समय-सीमा के भीतर आख्या प्रस्तुत करें।

डॉ. कोस्तुभ ने कहा कि फरियादियों को अनावश्यक रूप से थाने या कार्यालय का चक्कर न लगाना पड़े। प्रत्येक शिकायतकर्ता को समय से जानकारी उपलब्ध कराई जाए और यदि किसी मामले में समझौते या मध्यस्थता की संभावना हो तो उसे भी विधिसम्मत तरीके से कराया जाए।
उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि महिला संबंधित मामलों को प्राथमिकता पर लेते हुए संवेदनशीलता के साथ कार्रवाई की जाए। साइबर अपराध से जुड़े मामलों में तकनीकी साक्ष्यों का समुचित संकलन कर शीघ्र कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
एसएसपी ने कहा कि शासन स्तर से जनसुनवाई और शिकायत निस्तारण की नियमित निगरानी की जा रही है। ऑनलाइन पोर्टल और अन्य माध्यमों से यह समीक्षा की जाती है कि प्राप्त शिकायतों पर किस स्तर तक कार्रवाई हुई है और पीड़ित को कितना संतोषजनक समाधान मिला है। ऐसे में सभी अधिकारी अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन पूरी पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ करें।
उन्होंने लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को चेताया कि अनावश्यक देरी पाए जाने पर जवाबदेही तय की जाएगी। थाना प्रभारियों को निर्देश दिया गया कि वे प्रतिदिन थाना स्तर पर भी जनसुनवाई कर स्थानीय समस्याओं का त्वरित समाधान करें।
जनसुनवाई के दौरान कई मामलों में एसएसपी ने मौके पर ही संबंधित अधिकारियों से फोन पर बात कर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। कुछ मामलों में तत्काल जांच टीम गठित कर मौके पर भेजने के आदेश भी दिए गए।
अंत में एसएसपी डॉ. कोस्तुभ ने कहा कि पुलिस और जनता के बीच विश्वास और संवाद ही बेहतर कानून-व्यवस्था की आधारशिला है। फरियादियों को न्याय दिलाने में किसी प्रकार की कोताही नहीं बरती जाएगी। शासन की मंशा के अनुरूप पारदर्शी, जवाबदेह और संवेदनशील पुलिसिंग सुनिश्चित की जाएगी।
