वाराणसी
एसएसपीजी में अल्ट्रासाउण्ड करने हेतु एक चिकित्सक उपलब्ध हैं, जो प्रातःकालीन शिफ्ट में अपनी सेवायें देता हैं
वाराणसी। मण्डलीय अपर निदेशक/प्रमुख अधीक्षक श्री शिव प्रसाद गुप्त मण्डलीय जिला चिकित्सालय ने अवगत कराया गया है कि चिकित्सालय में अल्ट्रासाउण्ड करने हेतु एक चिकित्सक उपलब्ध हैं, जो कि प्रातःकालीन शिफ्ट में अपनी सेवायें उपलब्ध करती है। प्रतिदिन लगभग 30-40 अल्ट्रासाउण्ड उनके द्वारा किये जाते हैं।
उन्होंने बताया कि चिकित्सालय के रेडियोलॉजी विभाग में डा० घनश्याम मौर्या के सेवानिवृत्त होने के बाद से ही पद रिक्त चल रहा है। मरीजों के परेशानी के दृष्टिगत मुख्य चिकित्सा अधिकारी से अनुरोध पर उनके द्वारा लाल बहादुर शास्त्री राजकीय जिला चिकित्सालय, रामनगर में तैनात डा० कुन्दन को सोमवार, बुधवार एवं शुक्रवार को एक्स-रे की रिपोर्टिंग करने हेतु इस
चिकित्सालय में सम्बद्ध किया गया है जो अपनी सेवायें प्रातःकालीन शिफ्ट में देते हुए लगभग 200 एक्स-रे करते हैं। इसके अलावा आवश्यकता होने पर उन्हें अपराह्न 02:00 बजे के बाद भी चिकित्सालय कैम्पस में रह रहे एक्स-रे टेक्नीशियन को बुलाकर एक्स-रे कराया जाता है। उन्होंने बताया कि चिकित्सालय के पैथालॉजी विभाग में 02 पैथालॉजिस्टं कार्यरत हैं जिनमें से 01 पैथालॉजिस्ट डा० श्वेता पाण्डेय को उच्चाधिकारियों के निर्देश पर 01 सप्ताह में 03 दिन के लिए लाल बहादुर शास्त्री राजकीय चिकित्सालय, रामनगर में सम्बद्ध किया गया है। इस चिकित्सालय में प्रतिदिन लगभग 300 से अधिक रक्त एवं मूत्र के सैम्पल की जांच की जाती है जिस हेतु लैब रात्रि 08:00 बजे तक खुला रहता है। आकस्मिक विभाग में 24 घण्टे आकस्मिक चिकित्साधिकारी के साथ-साथ फार्मासिस्ट, स्टाफ नर्स एवं अन्य चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी तैनात रहते हैं तथा ऑनकाल विशेषज्ञ चिकित्सक नियमित रूप से सायंकाल चिकित्सालय में भर्ती मरीजों को देखते हैं। इसके अतिरिक्त भी यदि आवश्यकता होती है तो आकस्मिक चिकित्साधिकारी द्वारा तत्काल दूरभाष द्वारा बुला लिया जाता है।प्रातःकालीन शिफ्ट में सभी विशेषज्ञ चिकित्साधिकारी ओ०पी०डी० में अपनी सेवायें देने के साथ-साथ भर्ती मरीजों का उपचार भी करते हैं। जनपद में वी०आई०पी० के आगमन पर विशेषज्ञ चिकित्सकों (सर्जन, फिजिशियन, आर्थोपेडिक सर्जन, एनेस्थेटिस्ट) के साथ-साथ फार्मासिस्ट एवं चतुर्थ श्रेणी की ड्यूटी जरूरत
पड़ने पर दो शिफ्टों में एम्बुलेंस के साथ लगायी जाती है तथा इसके अतिरिक्त विशेषज्ञ चिकित्सकों को पोस्टमार्टम ड्यूटी हेतु, मेडिकल बोर्ड के सदस्य के रूप में साक्ष्य हेतु सम्मन प्राप्त होने पर माननीय न्यायालय के समक्ष भी उपस्थित होना होता है।
