वाराणसी
इलाज के दौरान शिक्षक की मौत, डॉक्टर की गिरफ्तारी की मांग
वाराणसी। जिले के भिखारीपुर स्थित एपेक्स अस्पताल के बाहर एक मरीज के परिजनों का गुस्सा भड़क गया जब राजातालाब थाना क्षेत्र के रमशीपुर गांव के रहने वाले प्राथमिक विद्यालय के शिक्षक सुजीत कुमार वर्मा (35) की इलाज के दौरान शुक्रवार की देर रात मौत हो गई। मौत के बाद मृतक के परिजनों और रिश्तेदारों ने डॉक्टरों पर लापरवाही और अधिक पैसा लेने का आरोप लगाकर हंगामा करते हुए शव को सड़क पर रख कर धरने पर बैठ गए और जोरदार नारेबाजी करने लगे।
मृतक के रिश्तेदारों ने दावा किया कि इलाज के दौरान उचित ध्यान नहीं दिया गया और इलाज के नाम पर अधिक पैसे मांगे गए। घटना की खबर फैलते ही अस्पताल परिसर के सामने रिश्तेदारों और परिजनों की भीड़ जमा होकर कार्रवाई की मांग करने लगी। परिजनों ने विशेष रूप से डॉक्टरों की गिरफ्तारी की माँग उठाई और आरोप लगाया कि समय पर सही इलाज नहीं मिलने के कारण मौत हुई। मृतक के पीछे पाँच साल की एक मासूम बेटी है, जिसकी स्थिति से परिवार और गांव में शोक छाया हुआ है।
हंगामा की सूचना पर चितईपुर प्रभारी निरीक्षक प्रभीन कुमार मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया। हालांकि प्रदर्शनकारी तब तक शांत नहीं हुए जब तक उन्हें कार्रवाई का आश्वासन नहीं मिला। मुख्य मार्ग जाम होने पर एसीपी भेलूपुर गौरव कुमार के नेतृत्व में भेलूपुर, लंका और मंडुवाडीह थानों की फोर्स भी मौके पर पहुंची। अधिकारियों ने संवेदनशील स्थिति को देखते हुए स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिशें तेज कर दीं।
सुजीत कुमार मिर्जापुर जिले में प्राथमिक विद्यालय में शिक्षक के पद पर कार्यरत थे। सड़क दुर्घटना में घायल होने पर उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था। भर्ती के समय उनके हाथ में संक्रमण के लक्षण देखे गए थे और इलाज के क्रम में उनकी हालत गंभीर हो गई। घटना के साथ ही स्थानीय स्तर पर शिक्षकों और कर्मचारियों के सुरक्षा एवं स्वास्थ्य सेवाओं पर सवाल उठने लगे हैं। खबर लिखे जाने तक प्रदर्शन करने वालों को समझाने की कोशिश की जा रही थी, लेकिन वह बिना कार्रवाई किए हटने के लिए तैयार नहीं हुए।
