अपराध
परीक्षा में कम नंबर आने से युवक ने मानी जिंदगी से हार
वाराणसी। सीबीएसई बोर्ड के एक विद्यार्थी ने सिर्फ इसलिए जिंदगी से हार मान ली क्योंकि इस बार की परीक्षा में कम नंबर आने से वह नाराज हो गया था। मृतक अपने माता-पिता का अकेला पुत्र था। एक बहन मेडिकल की पढ़ाई बाहर रह कर रही हैं। घटना के बाद मॉं बार-बार रोते हुए बेसुध हो जा रही है।

जानकारी के अनुसार, जिला रोहतास, बिहार के निवासी जितेंद्र सिंह का पुत्र अक्षत सिंह (20 वर्ष) अपनी मां के साथ बालाजी नगर एक्सटेंशन निकट पंचवटी अपार्टमेंट, सामनेघाट, थाना लंका में किराए का कमरा लेकर रहता है। गत दिनों जब सीबीएसई बोर्ड परीक्षा का परिणाम जारी हुआ तो उसमें युवक को उम्मीद से कम नंबर मिला। जिसकी वजह से वह थोड़ा निराश हो गया था। परीक्षा परिणाम से आहत युवक ने देर रात फांसी लगाकर जान दे दी।
घटना की सूचना मिलते ही लंका थाने के प्रभारी निरीक्षक शिवाकांत मिश्रा घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस जब परिवार के सामने दरवाजा तोड़वाकर अंदर दाखिल हुई तो अंदर का नजारा देख उसकी मां सन्न रह गई। अक्षत किचन के सामने गैलरी में स्थित रोशनदान में जंजीर के सहारे लटका हुआ था। पुलिस के मुताबिक, अक्षत जयपुरिया इंटर कॉलेज में 12 वीं का छात्र था। बोर्ड एग्जाम का रिजल्ट घोषित होने पर कुछ कम नम्बर आने पर युवक ने आत्मघाती कदम उठा लिया। लंका पुलिस ने फॉरेंसिक टीम को मौके पर बुलवाकर साक्ष्य संकलन की कार्रवाई करते हुए मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
