वाराणसी
अग्रसेन कॉलेज में डॉ सुनंदा शर्मा के कजरी ठुमरी से गुंजा अपराजिता सभागार
वाराणसी| सिडबी -स्पिक मैके के तत्वाधान में श्री अग्रसेन कन्या पीजी कॉलेज के बुलानाला स्थित अपराजिता सभागार में कार्यशाला के छठे दिन शनिवार को बनारस घराने की सुप्रसिद्ध गायिका विदुषी डॉ सुनंदा शर्मा के शास्त्रीय गायन को सुन सभागार में उपस्थित श्रोता मंत्र मुग्ध हो गए।
उन्होंने गुरु शिष्य की परम्परा को सर्वोपरि बताते हुए सबसे पहले अपनी गुरु गिरिजा देवी को प्रणाम करते हुए गायन की शुरुआत मंच प्रदर्शन कला विभाग के अपने शिष्य छात्राओं के साथ की। उन्होंने शास्त्रीय गायन की शुरुआत राग जौनपुरी से की। तत्पश्चात उनके कजरी गायन बरसन लागी बदरिया, ठुमरी पिया बुलावे आधी रतिया पर खूब तालियां बजी। तबलें पर संगत प्रदीप श्रीवास्तव एवं पंडित कुबेर नाथ मिश्र हारमोनियम पर भय्यू जी तानपूरे पर रंजना कालरा ने संगत किया।
महाविद्यालय प्रबंध समिति के अध्यक्ष अरुण कुमार अग्रवाल ‘रुद्रा’ ने अपने उद्दबोधन में कहा कि काशी के बनारस घराने का शास्त्रीय गायन, वादन, एवं नृत्य में योगदान हमेशा से रहा है और भारतीय संस्कृति की परम्परा को युवाओं में समाहित एवं जागरूक करने के लिए सिडबी-स्पिक मैके द्वारा विभिन्न कॉलेजों में छात्र छात्राओं को शास्त्रीय गायन के क्षेत्र में जागरूक करने की यह पहल सराहनीय है। कार्यक्रम के अंत में विदुषी गायिका को प्रबंधक डॉ मधु अग्रवाल एवं सहायक प्रबंधक डॉ रूबी शाह ने स्मृति चिन्ह एवं अंगवस्त्रम देकर सम्मानित किया।
कार्यक्रम शुरू होने से पूर्व महाविद्यालय के पूर्व कर्मठ एवं ईमानदार प्रबंधक स्व. संदीप अग्रवाल के पुण्यतिथि होने पर उन्हें मंच से श्रद्धांजलि दी गई।
कार्यक्रम में महाविद्यालय की ओर से प्रबंध समिति के सदस्यों का स्वागत डॉ अनीता सिंह, डॉ मृदुला व्यास ने किया। संचालन डॉ शुभा सक्सेना, वर्षा मिश्रा एवं धन्यवाद ज्ञापन डॉ अनीता सिंह ने किया। उक्त अवसर पर स्पिक मैके के चेयर पर्सन यूसी सेठ, श्री काशी अग्रवाल समाज के पदाधिकारी अरविन्द जैन, सलिल अग्रवाल, अमोद अग्रवाल, मनीष गुप्ता, अम्बिका अग्रवाल,डॉ विभा सिंह, डॉ अपर्णा शुक्ला, डॉ शिवानी, डॉ नीता दिसवाल, चेतना गुजराती, डॉ शुभ्रा वर्मा सहित शिक्षक एवं छात्राएँ उपस्थित रहीं।
