गोरखपुर
हत्या के मामले में एक अभियुक्त गिरफ्तार
गोरखपुर। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जनपद गोरखपुर के निर्देश पर अपराध नियंत्रण एवं अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस अधीक्षक उत्तरी के मार्गदर्शन एवं सहायक पुलिस अधीक्षक/क्षेत्राधिकारी गीडा के पर्यवेक्षण में प्रभारी निरीक्षक गीडा के नेतृत्व में गठित टीम ने हत्या के मामले में वांछित एक अभियुक्त को गिरफ्तार कर लिया है।
थाना गीडा पर पंजीकृत मुकदमा संख्या 0051/2026, धारा 103(1), 3(5) भा0न्या0सं0 के तहत प्रकाश में आए अभियुक्त निखिल कुमार गौड़ उर्फ गोलू उर्फ रितिक को उपनिरीक्षक कमलेश प्रताप सिंह व पुलिस टीम द्वारा गिरफ्तार किया गया। अभियुक्त के कब्जे से एक अदद मोटरसाइकिल एवं एक अदद मोबाइल फोन बरामद किया गया है। मामले में अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है।
जिला संवाददाता श्याम रूप पांडेय जयदेश के अनुसार, वादी द्वारा थाना स्थानीय पर दी गई तहरीर में बताया गया था कि उनका पुत्र 6 फरवरी 2026 की शाम घर से निकला था, लेकिन काफी देर तक वापस नहीं लौटा। परिजनों द्वारा कई बार मोबाइल पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, परंतु फोन नहीं उठा। पूरी रात प्रतीक्षा के बाद भी जब युवक घर नहीं लौटा तो परिजन चिंतित हो गए। अगले दिन 7 फरवरी 2026 को युवक का शव मिला, जिस पर चाकू से वार के निशान थे। जांच में उसकी हत्या किए जाने की पुष्टि हुई, जिसके आधार पर थाना गीडा पर मुकदमा संख्या 51/2026 धारा 103(1) बीएनएस के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया।
विवेचना के दौरान पवन कुमार, विजय तथा निखिल कुमार गौड़ उर्फ गोलू उर्फ रितिक के नाम प्रकाश में आए। पूछताछ में अभियुक्तों ने बताया कि मृतक से उनका आपसी विवाद था। इसी कारण 6 फरवरी 2026 को पार्टी करने के बहाने बुलाकर चाकू मारकर उसकी हत्या कर दी गई।
गिरफ्तार अभियुक्त निखिल कुमार गौड़ उर्फ गोलू उर्फ रितिक पुत्र नन्दू गौड़ निवासी सुअरज थाना गोला जनपद गोरखपुर का आपराधिक इतिहास भी सामने आया है। उसके विरुद्ध वर्ष 2022 में मुकदमा संख्या 029/2022 धारा 323, 504, 506 भादस तथा वर्ष 2026 में मुकदमा संख्या 051/2026 धारा 103(1), 3(5) बीएनएस थाना गीडा में दर्ज है।
पुलिस ने अभियुक्त के पास से एक अदद मोटरसाइकिल एवं एक अदद मोबाइल फोन बरामद किया है। गिरफ्तारी की कार्रवाई प्रभारी निरीक्षक अश्वनी पाण्डेय, उपनिरीक्षक कमलेश प्रताप सिंह, उपनिरीक्षक सरफराज अहमद, उपनिरीक्षक उपेन्द्र सिंह, उपनिरीक्षक राजमंगल सिंह, उपनिरीक्षक इन्द्रशेन सिंह, सर्विलांस सेल टीम, हेड कांस्टेबल सुमन्त यादव, हेड कांस्टेबल रमेश जोशी, हेड कांस्टेबल प्रेम बहादुर तथा हेड कांस्टेबल रामप्रकाश सिंह की संयुक्त टीम द्वारा की गई।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मामले में अन्य आरोपियों के विरुद्ध भी विधिक कार्रवाई जारी है और अपराध से जुड़े सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है।
