गोरखपुर
लाखों की कीमत के सागौन के तीन पेड़ काट ले गए बदमाश, पुलिस पर उठे सवाल
खजनी में पेड़ चोरों का आतंक
गोरखपुर। जिले के खजनी थाना क्षेत्र में इन दिनों पेड़ चोरों के हौसले इतने बुलंद हो गए हैं कि अब कीमती सागौन के वृक्ष भी सुरक्षित नहीं रह गए हैं। ताजा मामला गाजर वंशमन गांव का है, जहां बीती रात अज्ञात चोरों ने खेत में लगे तीन पुराने सागौन के पेड़ों को काटकर चोरी कर लिया। घटना के बाद ग्रामीणों में रोष है और पुलिस की कार्यशैली पर सवाल खड़े होने लगे हैं। जानकारी के अनुसार, गांव निवासी हेमन्त कुमार त्रिपाठी के खेत में लगभग 50 वर्ष पुराने सागौन के पेड़ लगे हुए थे। ये पेड़ गांव के दक्षिण दिशा में स्थित उनके चक में खड़े थे।
बताया जाता है कि 16 फरवरी को भी चोरों ने कुछ पेड़ों पर हाथ साफ करने की कोशिश की थी, लेकिन बुधवार की रात चोर पूरी तैयारी के साथ पहुंचे और तीन कीमती पेड़ काटकर ले गए। सुबह जब किसान खेत पर पहुंचा तो वहां केवल ठूंठ नजर आए, जिसे देखकर उसके होश उड़ गए।
पीड़ित किसान का कहना है कि चोरी हुए सागौन के पेड़ों की कीमत करीब 60 से 70 हजार रुपये बताई जा रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि क्षेत्र में लंबे समय से चोरी की घटनाएं बढ़ रही हैं, लेकिन पुलिस की गश्त न होने के कारण चोर बेखौफ होकर वारदातों को अंजाम दे रहे हैं। गांव वालों का यह भी कहना है कि रात में पुलिस की सक्रियता न के बराबर दिखाई देती है, जिसका फायदा अपराधी उठा रहे हैं।
घटना की सूचना तत्काल पुलिस को दी गई, लेकिन पीड़ित का आरोप है कि पुलिस ने सिर्फ रसीद देकर औपचारिकता पूरी कर ली और मौके पर गंभीर जांच की पहल नहीं की। इस रवैये से ग्रामीणों में नाराजगी है। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते सख्त कार्रवाई नहीं हुई तो क्षेत्र में पेड़ चोरी की घटनाएं और बढ़ सकती हैं।
स्थानीय किसानों का कहना है कि सागौन जैसे बहुमूल्य पेड़ वर्षों की मेहनत और इंतजार के बाद तैयार होते हैं। ऐसे में एक ही रात में पेड़ों की चोरी होना न सिर्फ आर्थिक नुकसान है, बल्कि किसानों की मेहनत पर भी चोट है। अब ग्रामीण प्रशासन से मांग कर रहे हैं कि रात की गश्त बढ़ाई जाए, चोरी में शामिल गिरोह का खुलासा हो और पीड़ित किसान को न्याय मिले। इस घटना ने एक बार फिर ग्रामीण इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था और पुलिस की निगरानी पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
