वाराणसी
हैदराबाद के भाई-बहन आत्महत्या की सिगरा पुलिस ने सुलझाई गुत्थी
वाराणसी। शहर के परेड कोठी स्थित होटल सिटी इन में आत्महत्या करने वाले भाई-बहन गणेश गुनालापल्ली और लक्ष्मी की मौत की गुत्थी सिगरा पुलिस ने सुलझा ली है। जांच में सामने आया कि दोनों ने अवसाद में आकर यह कदम उठाया। उनकी बड़ी बहन अमला ने 28 जनवरी को हैदराबाद में आत्महत्या कर ली थी, जिसके बाद से दोनों मानसिक रूप से टूट गए थे।
पुलिस के अनुसार, अमला अविवाहित थी और उसे यह महसूस होता था कि उसके कारण छोटे भाई-बहन की शादी नहीं हो पा रही है। इसी तनाव में उसने आत्महत्या कर ली। पिता की पांच वर्ष पहले मृत्यु हो चुकी थी और बचपन में ही मां का निधन हो गया था। ऐसे में अमला ही दोनों छोटे भाई-बहन की देखभाल करती थी। उसकी अचानक मौत से गणेश और लक्ष्मी गहरे सदमे में चले गए थे। बड़ी बहन की आत्महत्या की जानकारी उन्होंने रिश्तेदारों को भी नहीं दी और अंतिम संस्कार भी चुपचाप कर दिया।

बताया गया कि बड़ी बहन की अस्थियां गंगा में विसर्जित करने के उद्देश्य से दोनों भाई-बहन काशी आए थे। वाराणसी पहुंचने के बाद उन्होंने होटल सिटी इन में कमरा लिया और वहीं नींद की अत्यधिक गोलियां खाकर आत्महत्या कर ली। इस संबंध में किसी परिजन को पूर्व सूचना नहीं दी गई थी।
घटना की जानकारी मिलने पर हैदराबाद निवासी मामा के बेटे स्वरूप समेत अन्य परिजन वाराणसी पहुंचे। स्वरूप ने सिगरा पुलिस को पारिवारिक परिस्थितियों से अवगत कराया। इसी बीच हैदराबाद पुलिस से भी सूचना प्राप्त हुई कि दोनों ने काशी में आत्महत्या की है। गणेश अपोलो फार्मा में कार्यरत था।
सिगरा इंस्पेक्टर संजय कुमार मिश्रा ने बताया कि पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद दोनों शव हैदराबाद से आए परिजनों को सौंप दिए गए। बाद में उनका अंतिम संस्कार कर दिया गया।
