गोरखपुर
महिलाओं को निशाना बनाने वाले लुटेरे चढ़े पुलिस के हत्थे, सर्राफा कारोबारी भी पकड़ा गया
गोरखपुर। गोरखनाथ थाना क्षेत्र में महिलाओं को निशाना बनाकर लूट की वारदात अंजाम देने वाले दो शातिर बदमाशों को पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। इस कार्रवाई से इलाके में दहशत फैलाने वाले गैंग का पर्दाफाश हुआ है। पुलिस ने लूट का सामान खरीदने वाले एक सर्राफा कारोबारी को भी हिरासत में लिया है, जबकि एक अन्य आरोपी अभी फरार है।
मामला 22 फरवरी का है, जब गुलहरिया निवासी कमलेश निषाद की माता ई-रिक्शा से घर लौट रही थीं। रास्ते में साथ बैठे दो युवकों ने उन्हें बातों में उलझाकर उनके जेवरात लूट लिए और फरार हो गए। घटना की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी विजय प्रताप सिंह ने तत्काल मुकदमा दर्ज कर उच्चाधिकारियों को अवगत कराया और विशेष टीम गठित की।
पुलिस टीम ने सैकड़ों सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों तक पहुंची। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान वीरू राम उर्फ वीरू डोम पुत्र रामायण राम और रवि कुमार पुत्र राजेश कुमार, दोनों निवासी सूरजकुंड कॉलोनी, अंबेडकर नगर डोमखाना थाना तिवारीपुर थाना के रूप में हुई है। पूछताछ में दोनों ने कबूल किया कि वे खास तौर पर बुजुर्ग और देहाती महिलाओं को निशाना बनाते थे। वे ई-रिक्शा या ऑटो में महिला के साथ बैठ जाते, बातचीत में फंसाकर जेवरात लूट लेते और पीछे चल रही बाइक पर सवार अपने साथी के साथ फरार हो जाते थे।
जांच में खुलासा हुआ कि पकड़े गए बदमाशों के खिलाफ जनपद के विभिन्न थानों में दर्जन भर से अधिक मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस ने इनके कब्जे से लूटा गया जेवरात बरामद कर लिया है। साथ ही लूट का सामान खरीदने वाले सर्राफा कारोबारी संजय वर्मा निवासी बसंतपुर रैनबसेरा थाना राजघाट थाना को भी गिरफ्तार किया गया है।
थाना प्रभारी के नेतृत्व में एसआई दिनेंद्र कुमार, एसआई रजत त्रिपाठी, एसआई आदित्य पांडेय, एसआई अजय राय समेत पुलिस टीम की मुस्तैदी से यह सफलता मिली। पुलिस अब फरार आरोपी की तलाश में दबिश दे रही है।
इस कार्रवाई से साफ है कि गोरखनाथ पुलिस अपराधियों के खिलाफ सख्त रुख अपनाए हुए है और महिलाओं की सुरक्षा को लेकर गंभीर है। इलाके के लोगों ने पुलिस की त्वरित कार्रवाई की सराहना की है।
