वाराणसी
महाशिवरात्रि पर दिव्य आभा से जगमगाएगा श्री काशी विश्वनाथ धाम
‘सप्त ऋषि महा आरती’ बनेगी आकर्षण का केंद्र
वाराणसी। महाशिवरात्रि पर्व के अवसर पर श्री काशी विश्वनाथ धाम में तैयारियाँ पूर्ण कर ली गई हैं। मुख्य अर्चक महंत शशि भूषण त्रिपाठी ‘गुड्डू महाराज’ ने पत्रकार वार्ता में पर्व से जुड़े विशेष आयोजनों और व्यवस्थाओं की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इस पावन अवसर पर ‘श्री सप्त ऋषि महा आरती’ का भव्य आयोजन किया जाएगा, जिसमें देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालु भगवान भोलेनाथ के दिव्य दर्शन और पूजन का पुण्य लाभ प्राप्त करेंगे।
धाम को आकर्षक पुष्प सज्जा और भव्य प्रकाश व्यवस्था से अलंकृत किया जा रहा है। सुरक्षा, सुगम दर्शन और श्रद्धालुओं की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए प्रशासन एवं मंदिर प्रबंधन ने विशेष प्रबंध किए हैं। महाशिवरात्रि के दिन प्रातःकाल से रुद्राभिषेक, विशेष पूजन, श्रृंगार आरती और विविध वैदिक अनुष्ठानों का क्रम आरंभ होगा। संभावित भारी भीड़ को देखते हुए सुव्यवस्थित दर्शन व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है, ताकि श्रद्धालु सहजता से बाबा विश्वनाथ के दर्शन कर सकें।
महंत शशि भूषण त्रिपाठी ‘गुड्डू महाराज’ महंत परंपरा की 48वीं पीढ़ी का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। वर्ष 1983 से वे प्रधान पीठ पर विराजमान हैं और निरंतर निष्ठा के साथ दायित्व का निर्वहन कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि पूजन एवं मंत्रों की विशिष्ट परंपरागत विधि उनके संरक्षण में सुरक्षित है, जिसे समयानुसार योग्य उत्तराधिकारी को ही सौंपा जाएगा।
भस्मधारी परंपरा का पालन करते हुए वे चंदन का प्रयोग नहीं करते, बल्कि पवित्र भस्म धारण करते हैं, जो उनकी साधना और शैव परंपरा के प्रति समर्पण का प्रतीक है। पत्रकार वार्ता में अभिषेक त्रिपाठी और सिद्धार्थ सिंह भी उपस्थित रहे। सभी ने श्रद्धालुओं से महाशिवरात्रि पर्व को श्रद्धा, भक्ति और अनुशासन के साथ मनाने की अपील की। महाशिवरात्रि पर काशी नगरी एक बार फिर शिवमय होने को तैयार है, जहाँ हर-हर महादेव के जयघोष से संपूर्ण वातावरण भक्तिमय हो उठेगा।
