गाजीपुर
मकर संक्रांति की तैयारियां जोरों पर, तिलकुट और तिल की दुकानों से बाजार में बढ़ी रौनक
गाजीपुर। मकर संक्रांति का पर्व नजदीक आते ही कस्बा और ग्रामीण बाजारों में तिल-गुड़ की दुकानों की सजावट ने पर्व के आगमन का अहसास कराना शुरू कर दिया है। बाजार में तिलकुट, तिल, चूड़ा, गुड़ और तिलकूट जैसी सामग्री की बिक्री में तेजी आ गई है, जिससे बाजार की रौनक भी काफी बढ़ गई है।
पिछले कुछ सालों से नगर में बने तिलकुट के कारखानों में महिलाएं समूह बनाकर तिलकुट बनाने का कार्य कर रही हैं। ताजे तिलकुट की मांग बढ़ने के साथ-साथ समूह से जुड़ी महिलाओं को आर्थिक लाभ भी हो रहा है। जहां एक ओर लोग ताजे तिलकुट का स्वाद ले रहे हैं, वहीं दूसरी ओर यह महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बना रहा है।
ठंड के मौसम में तिलकुट की मांग बढ़ने के साथ मकर संक्रांति के दिन तिल और तिलकुट का विशेष महत्व है। धर्मग्रंथों में बताया गया है कि तिल खाने से शरीर को गरमाहट मिलती है, और खासकर जाड़े के मौसम में इसका सेवन फायदेमंद होता है। इस समय तिलकुट का विशेष रूप से सेवन किया जाता है, जिससे बाजार में तिलकुट की दुकानों की संख्या में भी इजाफा हुआ है।
स्थानीय बाजार में सजी तिलकुट की दुकानों में विभिन्न वैरायटी उपलब्ध हैं, जिनकी कीमत भी भिन्न-भिन्न होती है। इसके अलावा, लाई और चिउड़े का तिलवा भी खरीदा जा रहा है। मकर संक्रांति आने में कुछ ही दिन शेष रह गए हैं, लेकिन लोग अब से ही तिलकुट की खरीदारी में जुट गए हैं, जो इस पर्व की तैयारी को और रंगीन बना रहा है।
