वाराणसी
बनारस में हर घंटे तीन सेंटीमीटर बढ़ रही गंगा
मर्णिकर्णिका, हरिश्चद्र घाट डूबे, 6 फीट की गली में हो रहा शवदाह, 1 हजार दुकानें बंद
काशी में गंगा नदी का जलस्तर हर घंटे 3 सेंटीमीटर बढ़ रहा है। खतरे के निशान से गंगा सिर्फ 92 सेंटीमीटर नीचे बह रही हैं। अस्सी घाट से लेकर नमो घाट तक पूरी तरह से डूब चुका है। मर्णिकर्णिका और हरिश्चद्र घाट डूब चुके हैं। 6 फीट की पतली गली में दाह संस्कार हो रहे हैं। वहीं, मणिकर्णिका घाट की छत पर शव जलाए जा रहे हैं। केंद्रीय जल आयोग की टीम लगातार गंगा के जलस्तर की निगरानी कर रही है।
गंगा आरती गली या छतों पर हो रही है। गंगा नदी से सटे हुए कोनिया, सलारपुर, रत्नाकर विहार, काशीपुरम इलाकों तक पानी पहुंचने के बाद जिलाधिकारी ने लोगों को खुद ही शिफ्ट होने के लिए कह दिया है। वहीं, देर शाम 6:30 तक पानी और बढ़ गया। घाट के सामने मारूति नगर में 150 घरों में पानी घुस गया। इसी तरह अस्सि नाला में पानी को लेवल बढ़ गया। करीब 50 घरों में पानी घुस गया, जिससे लोग परेशान दिखे।

डीएम एस राजलिंगम ने रविवार को बाढ़ क्षेत्र का निरीक्षण के बाद बताया, गंगा डेंजर लेवल के पास पहुंच चुकी है। वहीं उसके बढ़ने से वरुणा में भी बढ़ाव जारी है। ऐसे कोनिया, सलारपुरा इलाके जो बाढ़ प्रभावित हैं। वहां कोई रहा तो नहीं गया और बाढ़ की अभी क्या स्थिति है। उसे जानने के लिए आज यह निरीक्षण किया गया है। अभी तक हमने 6 बाढ़ चौकियां एक्टिव कर दी हैं। जिसमें करीब 60 परिवार रह रहा है। इसके अलावा लो लाइन एरिया में अलर्ट जारी किया गया।
