वाराणसी
फ्लैट दिलाने के नाम पर महिला से 10 लाख की ठगी, केस दर्ज
वाराणसी। शहर में फ्लैट दिलाने के नाम पर एक महिला से 10.80 लाख रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। इस संबंध में पीड़िता की शिकायत पर भेलूपुर थाने में मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। मालती बाग निवासी रजिया बेगम ने पुलिस को बताया कि दिसंबर 2023 में उन्होंने पहली बार फ्लैट के लिए रुपये दिए थे, लेकिन करीब दो साल बीत जाने के बाद भी आरोपी ने न तो फ्लैट की लोकेशन बताई और न ही यह स्पष्ट किया कि फ्लैट का निर्माण कितना हुआ है।
पीड़िता के अनुसार आरोपी जियाउल हक उर्फ जुबैन, कैंट थाना क्षेत्र के नदेसर राजा बाजार का रहने वाला है। रजिया बेगम ने बताया कि अक्टूबर 2023 में उनकी मुलाकात नदेसर राजाबाजार निवासी, उनके दूर के रिश्तेदार बताए जाने वाले हाजी मकसूद से हुई थी। हाजी मकसूद के कहने पर उन्होंने उनके बेटे को तीन लाख रुपये दिए। इसके बाद पिता-पुत्र दोनों ने उन्हें यह कहकर भरोसे में लिया कि एक फ्लैट बनने वाला है, जिसमें आठ से साढ़े आठ लाख रुपये निवेश करने पर मूलधन के साथ पच्चीस लाख रुपये से अधिक का लाभ मिलेगा। इस बात में आकर रजिया बेगम ने छह नवंबर 2023 को चेक के माध्यम से दो लाख रुपये और दे दिए।
रजिया बेगम का कहना है कि पांच लाख रुपये लेने के बाद 14 दिसंबर 2023 को दोनों ने कोटक बैंक के चेक से 2.30 लाख रुपये लिए, इसके बाद दो लाख रुपये नकद भी लिए गए। इसी दौरान एक दिन जियाउल के पिता मकसूद का फोन आया और इमरजेंसी का हवाला देते हुए पैसों की मांग की गई। रिश्तेदारी का वास्ता देकर उनसे डेढ़ लाख रुपये मदद के नाम पर ले लिए गए। इस तरह धोखाधड़ी कर कुल 10.80 लाख रुपये ऐंठ लिए गए।
पीड़िता ने बताया कि कुछ महीने बाद जब उन्होंने जियाउल से फ्लैट दिखाने को कहा तो उसने निर्माण कार्य चलने की बात कहकर टालना शुरू कर दिया। बाद में उन्हें जानकारी मिली कि जियाउल ने दालमंडी में मुस्लिम मुसाफिरखाने के बगल में एक फ्लैट अपने नाम पर ले लिया है। जब उन्होंने अपने रुपये वापस मांगे तो आरोपी टालमटोल करने लगा। आरोप है कि बाद में फोन करने पर गाली-गलौज की गई और जान से मारने की धमकी भी दी गई।
मामले में रजिया बेगम ने एसीपी भेलूपुर गौरव कुमार से शिकायत की थी। एसीपी के निर्देश पर भेलूपुर थाने में बीएनएस की धारा 406, 504 और 506 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और आगे की कार्रवाई जारी है।
