गोरखपुर
गोरखपुर में गंदगी पर लगेगा ब्रेक, नई योजना से मिलेगी स्थायी राहत
गोरखपुर। नगर निगम द्वारा शहर को कूड़ेदान मुक्त घोषित किए जाने के बावजूद कई इलाकों में कूड़े के ढेर अब भी लोगों के लिए परेशानी बने हुए हैं। बेतियाहाता वार्ड में भगवती प्रसाद दुबे के निवास के पास और बंधु सिंह नगर में मस्जिद के समीप सहित शहर के विभिन्न हिस्सों में जगह-जगह कूड़ा जमा रहने की स्थिति बनी हुई है।
बताया गया कि इन स्थानों पर सफाई कर्मचारी कॉलोनियों से कूड़ा एकत्र करने के बाद उसे अस्थायी तौर पर एक ही जगह पर जमा कर देते हैं, जिसे उसी दिन या एक-दो दिन बाद उठाकर निस्तारित किया जाता है। इस बीच वहां कूड़े का ढेर लगा रहता है, जिससे आसपास गंदगी और दुर्गंध फैलती है।
नगर निगम की ओर से डोर-टू-डोर कूड़ा संग्रह व्यवस्था लागू की गई है। इसके तहत घर-घर से कूड़ा लेकर उसे निर्धारित स्थल पर पहुंचाकर निस्तारित किया जाता है, लेकिन इसके बावजूद बड़ी संख्या में लोग कूड़ा गाड़ी का इंतजार करने के बजाय सड़क किनारे ही कूड़ा फेंक देते हैं। इसी वजह से कई मोहल्लों में कूड़ा जमा हो जाता है और स्वच्छता व्यवस्था प्रभावित हो रही है।
समस्या के स्थायी समाधान के लिए नगर निगम अब ऐसे स्थानों को चिह्नित कर रहा है, जहां बार-बार कूड़ा जमा होने की शिकायत मिलती है। इन जगहों पर अर्द्ध भूमिगत कूड़ेदान बनाए जाने की योजना है और इसके लिए नगर निगम ने टेंडर भी जारी कर दिया है। अर्द्ध भूमिगत कूड़ेदान बनने के बाद सड़क पर कूड़ा दिखाई नहीं देगा और सफाई व्यवस्था अधिक व्यवस्थित हो सकेगी।
शहर में पहले से 10 अर्द्ध भूमिगत कूड़ेदान मौजूद हैं। इसके अलावा जिन स्थानों पर लगातार कूड़ा जमा होने की शिकायतें आ रही हैं, उनकी पहचान कर प्राथमिकता के आधार पर वहां भी अर्द्ध भूमिगत कूड़ेदान बनाए जाएंगे। अपर नगर आयुक्त प्रमोद कुमार ने नागरिकों से अपील की है कि वे डोर-टू-डोर कूड़ा संग्रह व्यवस्था में सहयोग करें और सड़क पर कूड़ा न फेंकें, ताकि शहर को स्वच्छ और सुंदर बनाया जा सके।
