गाजीपुर
लंका पुलिस ने कूटरचित दस्तावेजों से धोखाधड़ी करने वाले आरोपी को किया गिरफ्तार
वाराणसी। शहर की थाना लंका पुलिस ने कूटरचित दस्तावेजों का उपयोग कर लोगों से धोखाधड़ी करने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई सीपी मोहित अग्रवाल द्वारा अपराधों की रोकथाम, चोरी-लूट की घटनाओं के खुलासे तथा फरार अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत की गई। काशी जोन के पुलिस उपायुक्त के निर्देशन, अपर पुलिस उपायुक्त के पर्यवेक्षण तथा सहायक पुलिस आयुक्त भेलूपुर और प्रभारी निरीक्षक लंका के नेतृत्व में यह सफलता प्राप्त हुई।
थाना लंका में पंजीकृत मुकदमा संख्या 43/26, धारा 318(4), 316(2), 336, 338 बीएनएस के तहत दर्ज मामले की विवेचना के दौरान अभियुक्त हिमांशु गुप्ता को पूछताछ के लिए थाना बुलाया गया। अभियुक्त का वर्तमान पता फ्लैट नंबर 203, मानसरोवर भवन, रोहित नगर, थाना लंका, वाराणसी तथा मूल पता 6ए/बी/4, सफदरजंग इन्क्लेव, थाना सफदरजंग, साउथ वेस्ट दिल्ली बताया गया है। अभियुक्त की उम्र लगभग 30 वर्ष है।
पूछताछ के दौरान अभियुक्त ने अपने अपराध को स्वीकार कर लिया। इसके बाद उसे उसके द्वारा किए गए कृत्यों से अवगत कराते हुए धारा 318(4), 316(2), 336, 338 बीएनएस के अंतर्गत समय 21:58 बजे पुलिस हिरासत में लिया गया। आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस पूछताछ में अभियुक्त ने बताया कि वह ट्रैवल लाइन का व्यवसाय करता था, जिसमें विभिन्न स्थानों से वाहन मंगवाकर किराए पर चलवाता था। लालच में आकर उसने वाहनों को फर्जी विक्रय पत्र बनाकर बेच दिया। इसी प्रकार उसने कई लोगों के साथ धोखाधड़ी की। उसने अपनी गलती स्वीकार करते हुए माफी की गुहार भी लगाई।
इस संबंध में थाना लंका में मुकदमा संख्या 43/26, धारा 318(4), 316(2), 336, 338 बीएनएस के तहत अभियोग पंजीकृत है।
पुलिस के अनुसार आरोपी हिमांशु गुप्ता का पूर्व में भी आपराधिक इतिहास रहा है। उसके विरुद्ध थाना लंका कमिश्नरेट वाराणसी में मुकदमा संख्या 43/26 धारा 318(4), 316(2), 336, 338 बीएनएस के तहत मामला दर्ज है। इसके अलावा थाना चकेरी, पूर्वी कमिश्नरेट कानपुर नगर में मुकदमा संख्या 0052/2026, 0053/2026 एवं 0073/2026 धारा 316(2) बीएनएस के तहत तथा थाना लंका कमिश्नरेट वाराणसी में मुकदमा संख्या 0059/2026 धारा 316(2), 318(4), 351(3), 352 के अंतर्गत मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस का कहना है कि मामले की विस्तृत जांच जारी है और आगे की विधिक कार्रवाई नियमानुसार की जा रही है।
