गोरखपुर
जंगल कौड़िया ब्लॉक मुख्याल ड्यूटी में शराब पीने का आरोप सफ़ाई कर्मी निलंबित
गोरखपुर। जंगल कौड़िया ब्लॉक मुख्यालय के एडीओ पंचायत कार्यालय में तैनात सफाई कर्मी संतोष यादव की एक तस्वीर गुरुवार को सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गई, जिससे ब्लॉक प्रशासन में हड़कंप मच गया है। वायरल तस्वीर में सफाई कर्मी हाथ में सिगरेट लिए धुआं उड़ाते हुए नजर आ रहे हैं, जबकि मेज पर शराब की बोतल, नमकीन, पानी का गिलास और सिगरेट का पैकेट साफ दिखाई दे रहा है।
तस्वीर के बैकग्राउंड में लकड़ी की अलमारी पर ‘पंचायत 22’ लिखा हुआ है, जिससे यह स्पष्ट संकेत मिलता है कि फोटो ब्लॉक मुख्यालय स्थित पंचायत कार्यालय की है। यह तस्वीर विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर वायरल होने के बाद लोगों की तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आने लगीं।
स्थानीय नागरिकों महेश, पवन और सुरेश ने आरोप लगाया कि संबंधित सफाई कर्मी गांवों में सफाई कार्य के लिए नहीं जाता और न ही ब्लॉक परिसर की नियमित सफाई करता है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि वह जन्म प्रमाण पत्र, मृत्यु प्रमाण पत्र समेत अन्य दस्तावेज बनवाने के नाम पर लोगों से अवैध वसूली करता है।
सोशल मीडिया पर लोगों ने लिखा कि सफाई कर्मियों की तैनाती ग्राम सभाओं में सफाई कार्य के लिए होती है, न कि केवल ब्लॉक मुख्यालय में बैठकर हाजिरी लगाने के लिए।
इस पूरे मामले पर एडीओ पंचायत रमेश चंद ने बताया कि संबंधित सफाई कर्मी ब्लॉक मुख्यालय से अटैच है, इसी कारण वह गांवों में सफाई के लिए नहीं जाता।
वहीं, जंगल कौड़िया के बीडीओ सुरेश चंद्र श्रीवास्तव ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कहा कि वायरल तस्वीर की जांच कराई जाएगी। मामले का संज्ञान लेते हुए जिला पंचायत राज अधिकारी नीलेश प्रताप सिंह के द्वारा जारी आदेश के अनुसार सफ़ाई कर्मी संतोष कुमार यादव को निलम्बित कर दिया गया है कर्मचारी के विरूद्ध अनुसासनिक कार्यवाही प्रस्तावित की गई है निलंबन अवधि तक सफाई कर्मी ग्राम पंचायत गायघाट से समृद्ध किया गया है।
सफाई कर्मी पर ड्यूटी के दौरान ब्लाक मुख्यालय पर मदिरा सेवन करने कर्मचारी आचरण नियमावली के विपरित कार्य करने अपने पदीय दायित्व का निर्वहन न करने उच्चाधिकारियों के आदेशों एव निर्देशों की आलोचना जैसे गंभीर आरोप है। डीपीआरो ने मामले की जांच के लिए सहायक बिकाश अथीकारी पंचायत भरोहिया को जांच अधिकारी नामित किया है।
