वाराणसी
सांसद प्रिया सरोज ने संसद में उठाया अवैध कफ सीरप का मामला
पिंडरा (वाराणसी)। मछलीशहर की सपा सांसद प्रिया सरोज ने कफ सीरप से जुड़े मुद्दे को संसद में प्रमुखता से उठाया। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ कानून व्यवस्था या प्रशासनिक विषय नहीं है, बल्कि सीधे आम लोगों की सेहत से जुड़ी गंभीर समस्या है। इसलिए सरकार को इसपर तुरंत और सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करनी चाहिए।
बताया गया कि जौनपुर, वाराणसी समेत पूर्वांचल के विभिन्न जिलों में अब तक 98 एफआईआर दर्ज की जा चुकी हैं। जहरीले कफ सीरप के कारण कई बच्चों की जान जा चुकी है। सांसद ने कहा कि दोषियों पर किसी भी स्तर पर रियायत नहीं मिलनी चाहिए और पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश होना आवश्यक है।
पुलिस कमिश्नरेट की विशेष जांच टीम ने कोडिन युक्त कफ सीरप की तस्करी में शामिल सरगना शुभम जायसवाल के खिलाफ पहली बड़ी कार्यवाही की है। उसके और परिवार के कुल 12 बैंक खातों में जमा लगभग दो करोड़ रुपये को फ्रीज कर दिया गया है।
एसआईटी अधिकारियों के अनुसार, कफ सीरप कारोबार का आंकड़ा दो हजार करोड़ रुपये तक पहुंचने की आशंका है। जांच के पूरा होने पर ही बैंक खातों के संचालन को लेकर आगे निर्णय लिया जाएगा। साथ ही शुभम की अचल संपत्तियों की जानकारी भी जुटाई जा रही है, जिन्हें विधिक प्रक्रिया पूरी होते ही कुर्क किया जाएगा।
पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल ने बताया कि कफ सीरप की खपत और खरीद का डेटा एकत्र किया जा रहा है। अब तक 26 मेडिकल दुकानों की खरीद-बिक्री का रिकॉर्ड मिला है, जिनमें से पांच दुकानें अस्तित्व में नहीं मिलीं। उनके संचालकों की तलाश जारी है। शेष दुकानों में तीन साल में 90 हजार से छह लाख तक की शीशियों की बिक्री सामने आई है।
उन्होंने यह भी कहा कि जांच में ड्रग विभाग की एफआईआर ने कुछ तकनीकी बाधाएं उत्पन्न की हैं, फिर भी एसआईटी लगातार तेज़ी से कार्रवाई आगे बढ़ा रही है। इस मामले से जुड़े लखनऊ एसटीएफ के इनपुट पर भी निगरानी रखी जा रही है।
