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पूर्वांचल

विद्यालय में हुए ग़बन की उच्च स्तरीय जाँच करे संयुक्त शिक्षा निदेशक व जिला अधिकारी : शिव बख़्स उपाध्याय

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खबर सुल्तानपुर से हैं जहां समाजसेवी शिव बख़्स उपाध्याय, सुत नरसिंग नारायण उपाध्याय ग्राम भीखरपुर थाना धनपतगंज ने आरोप लगाया है कि सुल्तानपुर के श्री शोभाराम राष्ट्रीय इंटर कॉलेज चंदीपुर में संचालित विद्यालय में जमकर लुटपाट हो रही है और शासन प्रशासन मौन हैं।बताते चलें कि समाजसेवी शिव बख़्स उपाध्याय, सुत नरसिंग नारायण उपाध्याय ने संयुक्त शिक्षा निदेशक, जिला अधिकारी व जिला विद्यालय निरीक्षक को दिए गए अपने शिकायती पत्र में ये आरोप लगाया है कि किस तरह से श्री शोभाराम राष्ट्रीय इंटर कॉलेज चंदीपुर में संचालित विद्यालय में प्रबंधक के द्वारा रुपये का ग़बन किया जा रहा है और विद्यालय में जो निर्माण कार्य किया जा रहा है वो भी घाटियां स्तर पर की जा रही हैं। विद्यालय प्रबंधक छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं । सारे कार्य मानक के विपरित हो रहे हैं और शिक्षा विभाग एवं जिला प्रशासन को शिकायती पत्र दिया है, फिर भी कोई कार्यवाही नहीं कि जा रही हैं सभी मूक दर्शक बने हुए हैं ।

मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने बताया कि श्री शोभाराम राष्ट्रीय इंटर कॉलेज चंदीपुर में संचालित विद्यालय में प्रबंधन समिति द्वारा मुआवजे में प्राप्त रुपया को प्रबन्ध समिति के द्वारा निजी कार्य में उपयोग कर लिया गया है। उनका कहना था कि, विद्यालय की जमीन गाटा संख्या 551ख, 552 जो कि विद्यालय की जमीन थी और जो पूर्वांचल एक्सप्रेस वे के निर्माण में अधिग्रहण की गई थी। जिसमें मुआवजा की धनराशि 1,57,29,220 रूपये बतौर मुआवजा के रूप विद्यालय को प्रदत्त की गई थी और जो विद्यालय के संस्था द्वारा संचालित खाते में आयी थी जिसका खाता केनरा बैंक के शाखा धनपतगंज में संचालित है।

प्रबन्धक योगेन्द्र प्रताप मिश्रा द्वारा विद्यालय का एकल खाता होने की वजह से विद्यालय में कुछ कमरों का निर्माण कार्य मानक विहीन कराते हुए विद्यालय को प्राप्त धनराशि को प्रबंधक के द्वारा स्वयं के उपयोग में कर लिया गया है जबकि जो भी निर्माण कार्य कराया गया उसको कार्यकारिणी की सहमति से तथा सक्षम अधिकारी के दिशा निर्देशन पर विद्यालय के हितार्थ कराया जाना चाहिए था जो नहीं किया गया। इससे यह स्पष्ट होता है कि प्रबंधक द्वारा जो भी कार्य कराया जाता है उसमें पारदर्शिता नहीं होता है । विद्यालय के कर्मचारियों को भी एकाधिकार होने की वजह से आये दिन प्रताड़ित किया जाता रहा है जिसकी उच्च स्तरीय जांच टीम गठित कर जाँच कराई जाए और जाँच टीम में उनको भी सम्मिलित किया जाय जिससे कि निष्पक्ष रूप से जाँच हो सके और दोषी व्यक्ति के विरुद्ध विद्यालय के हित को ध्यान में रखते हुए उचित कार्यवाही की जा सकें ।

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