गोरखपुर
बेटी की संदिग्ध मौत को हत्या बताकर परिजनों ने एडीजी कार्यालय में दिया ज्ञापन
कुशीनगर। जिले के ग्राम लक्ष्मीपुर उर्फ कुर्मी पट्टी के रहने वाले परिवार ने अपनी 21 वर्षीय बेटी नीतू साहनी की संदिग्ध मौत को हत्या बताया है और स्थानीय पुलिस द्वारा इसे आत्महत्या बताया जाने के आरोप के साथ एडीजी (ADG) जोन, गोरखपुर कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपा।
परिवार के अनुसार, नीतू साहनी कुछ समय से गोरखपुर के मोहद्दीपुर इलाके स्थित एक अपार्टमेंट में रहकर काम कर रही थी। 29 नवंबर 2025 की सुबह परिवार को सूचना दी गई कि नीतू की तबीयत अचानक खराब हो गई है, लेकिन मौके पर स्थिति को देखते हुए परिजन इसे संदेहास्पद मानते हैं और उनका मानना है कि यह कोई साधारण मौत नहीं बल्कि पूरी साज़िश के तहत की गई हत्या है।
परिवार ने आरोप लगाया कि नीतू को जानबूझकर बिहार ले जाकर उसकी हत्या की गई, फिर शव को फंदे से लटका कर आत्महत्या का रूप देने का प्रयास किया गया। साथ ही उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि स्थानीय थाना पुलिस ने उन्हें आत्महत्या का बयान देने के लिए दबाव बनाया और वीडियो भी बनवाने की कोशिश की गई, ताकि मामले को दबाया जा सके।
पीड़ित माता संध्या देवी ने एडीजी कार्यालय में ज्ञापन देते हुए कहा कि घटना की निष्पक्ष, उच्च स्तरीय जांच कराई जाए और नामजद आरोपियों के खिलाफ हत्या, दुष्कर्म, आपराधिक साजिश सहित अन्य गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर समय रहते कड़ी कार्रवाई नहीं हुई तो साक्ष्य नष्ट हो सकते हैं और दोषी खुलेआम घूम सकते हैं।
एडीजी जोन गोरखपुर कार्यालय के अधिकारियों ने ज्ञापन प्राप्त कर मामले की जांच कराने और नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया है। पीड़ित परिवार अब प्रशासन से ठोस कदम उठाए जाने का इंतजार कर रहा है।
