वाराणसी
गेहूं खरीद में शिथिलता पर डीएम सख्त, जिम्मेदारों पर कार्रवाई के निर्देश
वाराणसी। कलेक्ट्रेट सभागार में बुधवार को जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार की अध्यक्षता में जिला खाद्य एवं विपणन विभाग की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में गेहूं खरीद की धीमी प्रगति पर जिलाधिकारी ने गहरी नाराजगी जताई और संबंधित अधिकारियों को सख्त निर्देश जारी किए।
बैठक में डिप्टी आरएमओ द्वारा जानकारी दी गई कि जनपद में 1400 से अधिक किसानों ने गेहूं बिक्री हेतु पंजीकरण कराया है, किंतु अब तक केवल 400 किसानों ने ही क्रय केंद्रों पर गेहूं बेचा है। इसपर जिलाधिकारी ने सभी क्रय केंद्र प्रभारियों को निर्देशित किया कि वे पंजीकृत किसानों से फोन के माध्यम से व्यक्तिगत संपर्क कर उन्हें क्रय केंद्रों तक लाएं और बिक्री के लिए प्रोत्साहित करें।
कम पंजीकरण और खरीद पर नाराज़ जिलाधिकारी ने परमंदापुर क्रय केंद्र प्रभारी को निलंबित करने तथा भवानीपुर केंद्र प्रभारी को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि गेहूं खरीद में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ तो सभी जिम्मेदारों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।
जिलाधिकारी ने कहा कि जहाँ क्रय की स्थिति बेहद कमजोर है, ऐसे केंद्रों को अन्य स्थानों पर स्थानांतरित किया जाए। साथ ही उन्होंने एडीएम (सीएस) को निर्देश दिया कि सभी एसडीएम लेखपाल व ग्राम प्रधानों के सहयोग से प्रत्येक गांव के कम से कम पाँच किसानों का पंजीकरण सुनिश्चित कराएं।
अवैध रूप से खरीदारी करने वालों पर शिकंजा कसते हुए जिलाधिकारी ने संबंधित तहसीलों के एसडीएम को प्रवर्तन की कार्रवाई सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया। वहीं सिंगल स्टेज डोर स्टेप डिलीवरी योजना की समीक्षा करते हुए उन्होंने डिप्टी आरएमओ से कहा कि डिलीवरी में लापरवाही बरतने वाले ठेकेदारों पर पेनाल्टी लगाई जाए।
बैठक में डिप्टी आरएमओ, जिला आपूर्ति अधिकारी (डीएसओ), अन्य विभागीय अधिकारीगण तथा विभिन्न क्रय केंद्रों के प्रभारी उपस्थित रहे।
