पूर्वांचल
कछवां में धूमधाम से मनाई गई डॉ. भीमराव अम्बेडकर की जयंती
मिर्जापुर। आदर्श नगर पंचायत व मझवा क्षेत्रों में रविवार को भारत रत्न बाबा साहब डॉ. भीमराव अम्बेडकर की जयंती धूमधाम एवं हर्षोल्लास से मनाई गई। उक्त अवसर पर बाबा साहब के अनुयायियों द्वारा स्थापित मूर्ति के पास सुबह से ही मनमोहन सजावट किया गया। इसके साथ नगर के युवाओं द्वारा बाइक प्रभात फेरी भी निकाला गया। वार्ड पांडेपुर, वार्ड जोगीपुर, वार्ड पीर खां के साथ मझवा, वजहा, जलालपुर, मितई, निगतपुर, करसड़ा के साथ क्षेत्र के अन्य गांव में डा. अंबेडकर की जयंती मनाई गई।
इस दौरान पांडेपुर वार्ड में सभासद प्रतिनिधि सुरेश भारती के द्वारा बाबा साहब के जन्म दिवस के अवसर उनके चित्र पर माल्यापर्ण कर श्रद्धा सुमन अर्पित किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि, डॉ. भीमराव अंबेडकर का जन्म 14 अप्रैल 1891 को मध्य प्रदेश के एक छोटे से गांव महू में हुआ था। उनके पिता का नाम रामजी मालोजी सकपाल और माता भीमाबाई थीं। बाबा साहब के कृतित्व एवं व्यक्तित्व पर लोगों को चलना चाहिए। उनके विचारों पर चलने से देश आगे बढ़ेगा। उनका विचार था कि सभी को समान अधिकार मिले और सभी लोग शिक्षित बने।

वहीं पीर खां सभासद प्रतिनिधि बंसी भारती ने डॉ भीमराव अंबेडकर के जयंती के अवसर पर लोगों को शुभकामनाएं दी। उक्त अवसर पर उन्होंने कहा कि बाबा साहब भीमराव अम्बेडकर के जीवन दर्शन का लोग अध्ययन कर उनके विचारों से जरूर सीख ले। बाबा साहब ने समाज को एक समान जोड़ने का कार्य किया है। भारतीय संविधान बनाने में बाबा साहब का बहुत बड़ा योगदान रहा है। उन्होंने कहा कि उनका विचार था कि समाज में समता होनी चाहिए। सभी को बराबर का अधिकार एवं न्याय मिलना चाहिए।
डॉ. अम्बेडकर जी का पूरा जीवन संघर्ष, सत्यनिष्ठा, लगन व वंचित वर्ग के प्रति करुणा का प्रतीक है। उन्होंने व्यक्तिगत जीवन मे अनेक बाधाओं व कष्टों को सहा किंतु कभी भी अपने लक्ष्य से विचलित नहीं हुए। सार्वजनिक जीवन मे उन्होंने अश्पृश्यता व भेदभाव का कड़ा विरोध किया। उन्होने कहा कि महापुरूषों के जीवन का अनुसरण करते हुए व्यक्ति को उनके द्वारा बताए गए रास्तों पर चलकर देश, प्रदेश की तरक्की, खुशहाली के लिए अपना जीवन व्यतीत करना चाहिए।

इस अवसर पर पूर्व जिला अध्यक्ष बसपा जोखन राम के पुत्र सुनील भारती ने बाबा साहब के जन्म दिवस पर बधाई देते हुए कहा कि संविधान में समाज के हर वर्ग, जाति को बराबर का दर्जा दिया गया है। जिस व्यक्ति को जो जिम्मेदारी सौंपी गई है उसे समय से निभाए। बाबा साहब चाहते थे कि गरीब व्यक्तियों को किसी प्रकार की समस्या न होने पाए। डॉ0 भीमराव अंबेडकर साहब की इच्छा थी कि संविधान को मजबूत बनाना हैं। प्रत्येक वर्ग को एकजुट होकर समाज के लिए योगदान करते रहें। उन्होंने कभी अपने मूल्यों से समझौता नहीं किया।
इसीलिए आज हम एक सफल लोकतंत्र के रूप में दुनिया भर में सम्मान की दृष्टि से देखे जाते हैं तो इसके पीछे उस संविधान की सबसे बड़ी भूमिका है। उन्होंने आगे कहा कि एक अच्छा लोकसेवक और एक अच्छा नागरिक बनने के लिए हमे डॉ भीमराव अम्बेडकर की जीवनी व उनकी लिखी किताबों को पढ़ना चाहिये।
इस दौरान आशीष भारती,बलवंता भारती, विनोद,छोटू भारती, प्रमोद भारती, के साथ भाई संख्या में लोग उपस्थित रहे। उक्त कार्यक्रम की समाप्ति पर वार्ड पांडेपुर में भंडारे का भी आयोजन किया गया जहां पर भारी संख्या में लोगों ने भंडारे का लुफ्त उठाया।
